सैयदवली बाबा की मजार पर चादरें चढ़ाने जाते लोग।
- फोटो : सैय्यद वलीशाह बाबा की मजार पर चादरें चढ़ाने जाते लोग।
कुल शरीफ की रस्म के साथ सैय्यद वलीशाह बाबा का तीन दिनी उर्स बृहस्पतिवार को संपन्न हो गया। इस दौरान लोगों ने मजार पर चादरपोशी की और मुल्क की तरक्की और अमन की दुआएं मांगीं। वलीबाबा के मित्र रहे गौड़बाबा मंदिर में भी पूजा अर्चना कर देश और नागरिकों की सुख शांति के लिए प्रार्थना की गई।
बृहस्पतिवार सुबह कुल शरीफ के साथ सैय्यद वलीशाह बाबा का तीन दिवसीय सालाना उर्स धूमधाम से संपन्न हो गया। 11 जून को उर्स का आगाज किया गया था। बुधवार शाम को मजार पर चादरें चढ़ाई गईं। कव्वालों ने बाबा की शान में नात और कव्वालियां पेश कीं। कमेटी अध्यक्ष सलीम खान ने बताया कि मुंबई से आए इलियास मस्ताना, पूरनपुर से आए गुलाम वहीद साबरी, खटीमा के आकिब सिराज कव्वाल ने बाबा की शान में नात और कव्वालियां प्रस्तुत कीं।
सचिव मंजूर खान ने बताया कि बृहस्पतिवार सुबह कुल शरीफ का आयोजन कर अगले साल फिर मिलने की दुआ के साथ ही उर्स का समापन कर दिया गया। संरक्षक फिरोज खान ने बताया कि इस बार लोकसभा चुनाव और रमजान के कारण वलीबाबा का सालाना उर्स देरी से मनाया गया।
बताया कि बाबा के मित्र रहे गौड़बाबा मंदिर में भी भजन कीर्तन आयोजित किए गए। कार्यक्रम में नगर पंचायत अध्यक्ष रेनू अग्रवाल, व्यापार मंडल संरक्षक संजय अग्रवाल ने भी क्षेत्र की ओर से चादरें चढ़ाईं। थानाध्यक्ष जसवीर सिंह चौहान, बैराज चौकी प्रभारी एसआई गोविंद सिंह बिष्ट, कमेटी के कोशाध्यक्ष अब्दुल रशीद, जमील अहमद, मुनीर खान आदि ने सहयोग दिया।