चंपावत। टनकपुर पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर स्वाला के पास डेंजर जोन में ट्रक चालकों ने एचएमवीएस और एनएच के अधिकारियों का घेराव कर भेदभाव करने का आरोप लगाया है। उन्होंने समाधान नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है
मंगलवार को सभी ट्रक ड्राइवरों ने एचएमवीएस और एनएच के अधिकारियों, कर्मचारियों का स्वाला डेंजर जोन में घेराव करते हुए मालवाहक वाहनों को यातायात में छूट देने की मांग की। कहा कि कंपनी की ओर से भेदभाव किया जा रहा है।
कुछ बड़े-बडे़ वाहनों को निकाला जा रहा है, लेकिन जाम में बीते लंबे समय से फंसे ट्रकों को नहीं निकला जा रहा है, इससे चालकों के पास अब खाने पीने सहित अन्य प्रकार की समस्या उत्पन्न होने लगी है।
ऑलवेदर सड़क स्वाला के पास 12 सितंबर की रात से बड़े वाहनों के लिए यातायात के लिए बंद है। सड़क को ठीक करने का काम कार्यदायी संस्था करने में लगे हैं। ट्रक चालकों का कहना है कि कंपनी के अधिकारियों की ओर से बड़े-बड़े कुछ माल वाहक वाहनों को निकाला जा रहा है, लेकिन स्थानीय वाहनों को नहीं।
इधर, एमबीबीएस कंपनी के पीडी रितेश गुप्ता ने सभी आरोपों को निराधार बताते हुए कहा कि ओवर लोड वाहनों के लिए सड़क पर अभी भी खतरा बना हुआ है। पूर्ण रूप से यातायात सुचारू करने का प्रयास किया जा रहा है। वर्तमान में 16.20 टन से अधिक भार वाले वाहनों को आवाजाही की अनुमति नहीं है।
इस दौरान चालकों में मोहन भट्ट, दीपक भट्ट, खिलानंद भट्ट, ललित भट्ट, दीक्षित भट्ट, भुवन भट्ट, कीर्ति भट्ट, नवीन भट्ट, कैलाश भट्ट, बंशीधर भट्ट मौजूद रहे।
ट्रांसपोर्टरों ने बदले अपने आवागमन के रूट
चंपावत। ऑलवेदर सड़क के चलते चंपावत और पिथौरागढ़ जिले के ट्रांसपोर्टर पिछले कुछ दिनों से आवाजाही नहीं होने से परेशान थे। टनकपुर पिथौरागढ़ मार्ग सुचारू होने के इंतजार में ट्रांसपोर्टरों को लाखों का नुकसान हो रहा था।
लोहाघाट के ट्रांसपोर्टरों ने वाया देवीधुरा और पिथौरागढ़ के वाया हल्द्वानी पिथौरागढ़ सामान लेकर पहुंच रहे है। हालांकि भारी संख्या में सीमेंट, सरिया समेत अन्य निर्माण सामग्री पहले के मुकाबले नहीं जा रहे है। भाड़ा अधिक होने से लोग सामान लेने से परहेज कर रहे हैं।
लोहाघाट के ट्रांसपोर्टर कलीम ने बताया कि माल का वाया देवीधुरा अधिक भाड़ा देना पड़ रहा है। इधर पिथौरागढ़ के ट्रांसपोर्टर संजय शर्मा ने बताया कि स्वाला क्षेत्र में जब तक सड़क ठीक नहीं होती है तब तक हल्द्वानी-पिथौरागढ़ रूट से ही ट्रांसपोर्टरों के वाहन चलेंगे। संवाद