Officials reviewed the situation after the earthquake
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सोमवार रात आए भूकंप के बाद मुख्य सचिव एस रामास्वामी ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से जिले में दैवी आपदा की स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि दैवी आपदाएं बता कर नहीं आती तथा न ही किसी का इंतजार करती है, इसलिए आवश्यक है कि दैवी आपदाओं से होने वाली जनधन की हानि को कम करने और आपदा से बेहतर ढंग से निपटने के लिए पहले से ही पूर्ण रूप से तैयार रहने की आवश्यकता है।
मुख्य सचिव ने दैवी आपदा के समय आईआरएस सिस्टम से जुड़े सभी अधिकारियों को तत्काल आपदा कंट्रोल रूप में बिना किसी फोन का इंतजार किए उपस्थित होने के साथ ही पूर्व निर्धारित दायित्वों का बिना कोई विलंब किये परिपालन करने के निर्देश दिए।
उन्होंने सभी जिलाधिकारियों को पर्याप्त मात्रा में खाद्यान्न, दवा, डीजल और पेट्रोल आदि का स्टॉक सुरक्षित रखने के निर्देश दिए। साथ ही आपदा संबंधी उपकरणों का समय-समय पर परीक्षण करने को कहा। उन्होंने कहा कि सूचनाओं के आदान प्रदान में किसी भी प्रकार का विलंब न हो तथा सभी सूचनाएं समय से प्राप्त करते रहें। सभी मोबाइल टावर ऑपरेटर आपातकालीन स्थिति के लिए पर्याप्त मात्रा में डीजल का स्टॉक रखना सुनिश्चित करें। उन्होंने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को इस प्रकार की स्थिति में पुलों का निरीक्षण करने के निर्देश दिए।
वीडियो कांफ्रेंसिंग में डीएम डॉ.अहमद इकबाल ने बताया कि भूकंप के कारण जिले में किसी भी प्रकार की हानि की कोई सूचना प्राप्त नहीं हुई है। उन्होंने बताया कि भूकंप के आने पर आईआरएस सिस्टम स्वत: ही एक्टीवेट हो गया था तथा आईआरएस सिस्टम से से जुड़े नोडल अधिकारी आपदा रूप में उपस्थित हो गए थे। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक रामचंद्र राजगुरु, मुख्य विकास अधिकारी हरगोविंद भट्ट, आपदा प्रबंधन अधिकारी मनोज पांडेय, लोनिवि ईई डीडी भट्ट, मुख्य शिक्षा अधिकारी डीएस राजपूत आदि शामिल रहे।