चंपावत। राज्य नगरीय विकास अभिकरण की ओर से मंगलवार को यहां एकेडमी ऑफ कॅरिअर एक्सीलेंस में कार्यशाला हुई। इसमें जन सुविधा केंद्रों के संचालकों को वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) का प्रशिक्षण दिया गया। ऊधमसिंह नगर से आए जीएसटी के टैक्स मास्टर ट्रेनर तारकेश्वर मिश्रा ने बताया कि व्यापारी को माह में एक रिटर्न दाखिल करना होगा।
शेष दो रिटर्न स्वत: दर्ज हो जाएंगे। इससे मानवीय हस्तक्षेप कम हो जाएगा और व्यापारियों, अधिकारियों को निर्णय लेने में देरी नहीं होगी। पूरे देश में समान कर होगा। भारत में उत्पादित वस्तुएं एवं सेवाएं भारत के साथ ही अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी प्रतिस्पर्धी बनेंगी।
जीएसटी से कराधान बढ़ने, कर अनुपालन में सुधार से सरकारी राजस्व में वृद्धि के साथ सकल घरेलू उत्पाद में दो प्रतिशत तक वृद्धि का अनुमान है। कहा कि जीएसटी का लक्ष्य कर दरों, प्रक्रियाओं में एकरूपता लाकर, आर्थिक बाधाओं को हटाना है ताकि भारत को एक साझा राष्ट्रीय बाजार बनाया जा सके।
उन्होंने सभी जनसेवा केंद्रों के प्रभारियों को जीएसटी के संबंध में अपने क्षेत्र में बैठक कर व्यापारियों को अवगत कराने को कहा। बैठक में कॉमन सर्विस सेंटर के प्रभारी कुलदीप भंडारी, सिटी मिशन मैनेजर महेश चौहान, मोहित पांडेय सहित ग्रामीण जनसेवा केंद्र के प्रभारी थे।