बनबसा (चंपावत)। नेपाल के ड्रायपोर्ट को जोड़ने वाली निर्माणाधीन सड़क से बनबसा में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। लोगों ने बीते दिनों बनबसा में बाढ़ से मची तबाही और नुकसान के लिए निर्माणाधीन सड़क को जिम्मेदार ठहराया है। उन्होंने केंद्रीय सड़क परिवहन राज्य मंत्री अजय टम्टा को ज्ञापन भेजा है।
ज्ञापन में कहा गया है कि आठ और 13 जुलाई को हुई बारिश से बनबसा के देवीपुरा, गुदमी, पचपकरिया, पचपकरियागोठ, देशीफार्म, रेलवे लाइन, बमनपुरी, चंदफार्म, चूनाभट्टा गांव स्थित घरों में आठ से दस फीट तक पानी भर गया था। एक किशोरी की बहने से मौत हुई। कई मवेशी हताहत हुए। घरों में रखा साल भर का अनाज, बिस्तर, कपड़े,बर्तन सभी बरबाद हो गए। करीब 175 परिवारों को विस्थापित तक किया गया था।
टनकपुर के छीनी, बिचई, सेना छावनी, फागपुर, चंदनी, भजनुपर, बनबसा बाजार के बरसाती पानी की निकासी का एकमात्र स्थान देवीपुरा है। वहां सड़क निर्माण में मिट्टी और रेत भरान किया जा रहा है। इससे बरसाती पानी की निकासी नहीं होने से क्षेत्र में बाढ़ का खतरा है। देवीपुरा, पचपकरिया, देशीफार्म में कई बीघा भूमि पर रेत भर जाने से कृषि भूमि बंजर हो गई है।
उन्होंने एनएच 109 के निर्माण में रेलवे क्रासिंग के बाद शारदा नहर तक सड़क का निर्माण फ्लाई ओवर से करने की मांग की है, इससे बरसाती पानी की निकासी हो सके। ज्ञापन भेजने वालों में पूर्व जिला पंचायत उपाध्यक्ष बहादुर सिंह पाटनी, जिला पंचायत सदस्य पुष्कर दत्त कापड़ी, प्रधान दीपक प्रकाश चंद, विनीता राना, महेश मुरारी, भावना नेगी, सुमन चंद शामिल हैं।