बारहमासी सड़क बनाने के लिए की जा रही पहाड़ों की कटिंग के दौरान मलबा आने से सड़क आए दिन बंद हो जा रही है। इससे यात्रियों को काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है, इसके बावजूद भी एनएचआई और निर्माण ऐजेंसी इसको लेकर गंभीर नहीं है। प्रशासन द्वारा कई बार निर्देश देने के बाद इस मामले को गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है। इसको देखते हुए प्रशासन ने एक बार फिर कार्यदायी संस्था और निर्माण एजेंसी को संवेदनशील स्थानों को चिह्नित कर कटिंग का कार्य तेजी से करने के निर्देश दिए हैं।
टनकपुर-पिथौरागढ़ बारहमासी सड़क का निर्माण कार्य चल रहा है। इसके अंतर्गत पहाड़ों की कटिंग कर सड़क चौड़ीकरण का ज्यादातर कार्य हो चुका है। कई संवेदनशील स्थानों पर अभी भी पहाड़ियों की कटिंग की जा रही है। इस मार्ग पर कुछ जगहों पर एक तो कार्य धीमी रफ्तार से हो रहा है, दूसरा यह कि कार्य के दौरान ऊपर से काफी मलबा सड़क पर आ जा रहा है। इससे सड़क बंद हो जा रही है। इसका खामियाजा आम यात्रियों को उठाना पड़ रहा है। रविवार को तड़के भी चल्थी के पास सड़क पर पहाड़ी से मलबा आने से यातायात नौ घंटे बाधित रहा।
एसडीएम अनिल चन्याल का कहना है कि निर्माण कार्य से यातायात में अवरोध पैदा न हो इसके लिए कार्यदायी संस्था व निर्माण ऐजेंसी को पहले भी कई बार दिशा-निर्देश जारी किए जा चुके हैं। उन्होंने बताया कि रविवार को बनी स्थितियों को देखते हुए प्रशासन ने एक बार फिर कार्यदायी संस्था व निर्माण ऐजेंसी को निर्देश जारी कर भूस्खलन के लिए संवेदनशील स्थानों को चिह्नित कर उनमें पहले काम पूरा करने को कहा है।