जिला प्रशासन की मासिक स्टाफ बैठक में डीएम डॉ.अहमद इकबाल ने पॉलिथीन की खुलेआम बिक्री पर गंभीरता से रोक न लगाने पर नाराजगी जताते हुए अगले आदेश तक नगर निकायों के अधिशासी अधिकारियों का वेतन रोकने के निर्देश दिए। डीएम ने नगर पालिका टनकपुर के अधिशासी अधिकारी के बैठक में उपस्थित न होने और कार्योें में लापरवाही बरते जाने को गंभीरता से लेते उन्हें नोटिस जारी करने को निर्देशित किया है। बैठक में कूड़ा निस्तारण के लिए अभी तक भूमि हस्तांतरण की कार्रवाई न करने की कार्रवाई को गंभीरता से लिया गया। प्रत्येक शनिवार को नगर पालिका और नगर पंचायत के कार्यों की समीक्षा बैठक बुलाने को कहा गया।
शनिवार को हुई इस बैठक में डीएम डॉ. अहमद इकबाल ने पॉलिथीन की बिक्री पर प्रतिबंध लगाने के लिए कठोर कार्रवाई अमल न लाए जाने को गंभीरता से लिया। उन्होंने नगर निकायों के अधिशासी अधिकारियों के अगले आदेश तक वेतन रोकने और इस बारे में बैंक और कोषागार को सूचित करने को कहा। समीक्षा के दौरान राष्ट्रीय राजमार्ग चौड़ीकरण में आ रही किसानों की भूमि को राजस्व कर्मियों के माध्यम से चिन्हित करने और समय से किसानों को जमीन का निर्धारित मुआवजा वितरित करने को कहा गया। इस मौके पर डीएम ने जिले के पांच बड़े बकाएदारों से तत्काल वसूली करने और वसूली में आनाकानी करने पर धरपकड़ की कार्रवाई करने को कहा। इसके अलावा आबकारी अधिनियम में लंबित वादों के निस्तारण में तेजी लाने, प्रत्येक दिन पांच से 10 चालकों का एल्कोमीटर से जांच करने के निर्देश दिए गए।
एसडीएम सदर सीमा विश्वकर्मा ने बताया कि जिले में दायर 317 वादों में से 127 का निस्तारण कर लिया है। एसडीओ वन ने बताया कि चंपावत में खतरे वाले 68 तथा लोहाघाट में 16 पेड़ों को चिन्हित किया गया है। बैठक में जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी को लगातार मलवा आने, रोड बाधित होने, जाम लगने वाले स्थानों को चिन्हित करने के साथ सड़क चालू करने के निर्धारित समय को अंकित करने को कहा। बैठक में एसपी रामचंद्र राजगुरु, तहसीलदार नीलू चावला, ललित मोहन तिवारी, आरसी गौतम, आपदा प्रबंधन अधिकारी मनोज पांडेय, पूर्ति अधिकारी श्याम लाल, लोनिवि ईई डीडी भट्ट आदि अधिकारी मौजूद थे।