बीएसएनएल की संचार सेवा उपभोक्ताओं को खूब रुला रही है। मंगलवार को तीन दिन बाद संचार सेवा सुचारु हो पाई है। संचार सेवा के आए दिन ठप होने से उपभोक्ताओं को खासी परेशानी हो रही है। वहीं बैंकों और सरकारी दफ्तरों के कामकाज पर भी इसका असर पड़ रहा है।
सितारगंज-टनकपुर राजमार्ग के चौड़ीकरण के लिए सड़क किनारे जेसीबी से की जा रही खुदाई से ओएफसी के क्षतिग्रस्त होने के साथ ही सेवा में तकनीकी खामी के कारण पिछले एक माह से बीएसएनएल की संचार सेवा आए दिन ठप हो रही है। एक माह से लड़खड़ा रही संचार सेवा को दुरुस्त नहीं किए जाने से उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बीएसएनएल का मोबाइल नेटवर्क तो गायब हो ही रहा है, ब्राडबैंड और लोकल सेवा भी ठप हो रही है। स्थिति यह है कि शनिवार देर शाम से गायब हुआ नेटवर्क रविवार और सोमवार को ठप रहने के बाद मंगलवार दोपहर से सुचारु हो पाया है।
विभाग के तकनीकी सहायक दीपक पासवान का कहना है कि सड़क किनारे खुदाई में ओएफसी कटने के साथ ही ऊपरी स्तर से ही संचार सेवा में तकनीकी खराबी आने से यह नौबत पैदा हो रही है। उन्होंने बताया कि उच्च अधिकारियों को स्थिति से अवगत कराया गया है। संभवत: जल्द ही सेवा निर्बाधरूप से सुचारु कर ली जाएगी।
एसडीएम की हिदायत का भी नहीं हुआ असर
एसडीएम की हिदायत का असर न तो दूरसंचार विभाग पर पड़ा है और न ही एनएच पर। गत माह चार दिनों तक संचार सेवा ठप रहने पर उप जिलाधिकारी नरेश दुर्गापाल ने बीएसएनएल और एनएच के अधिकारियों की बैठक लेकर तीन दिन में संचार सेवा और सड़क पर बने गड्ढों को भरने की हिदायत दी थी। दोनों विभागों को कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई, लेकिन विभाग के नुमाइंदों पर इसका कोई असर नहीं पड़ा है।