पाटी (चंपावत)। उत्तराखंड संस्कृति निदेशालय के सहयोग से देववाणी परोपकार मिशन की ओर से देवीधुरा में देवभूमि उत्तराखंड संस्कृति तथा संस्कृत विषय पर कार्यशाला आयोजित की गई। इस दौरान लोकनृत्य, लोकगायन, नाटक प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं। कुमाऊं मंडल विकास निगम के अध्यक्ष केदार जोशी ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यशाला का शुभारंभ किया। उन्होंने अपनी लोक संस्कृति, भारतीय धरोहर को संरक्षित करते हुए आगे बढ़ाने के लिए प्रेरित किया। मिशन के अध्यक्ष ईश्वर सुयाल ने कार्यक्रम का संचालन करते हुए बताया कि उत्तराखंड की संस्कृति को संरक्षित रखने के लिए वर्ष भर पूरे उत्तराखंड में इस प्रकार के कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं।
श्री बाराही देवी संस्कृत महाविद्यालय देवीधुरा के वरिष्ठ प्रवक्ता कीर्ति बल्लभ जोशी ने उत्तराखंड की संस्कृति के बारे में बताया। संस्कृत महाविद्यालय के प्राचार्य भुवन चंद्र जोशी की अध्यक्षता में आयोजित सभी प्रतियोगिताओं में श्री बाराही देवी संस्कृत महाविद्यालय देवीधुरा और जेएन पब्लिक स्कूल पाटी ने पहला, योगेश जोशी मेमोरियल पब्लिक स्कूल देवीधुरा ने दूसरा और सरस्वती शिशु मंदिर देवीधुरा ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। खुशबू बिष्ट को सांत्वना पुरस्कार दिया गया। मिशन की ओर से प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले को 51 सौ, द्वितीय स्थान वाले को 21 सौ और तृतीय स्थान वाले को 11सौ रुपये का पुरस्कार दिया। वहां उर्वादत्त जोशी, कृष्ण सिंह, खनवा, जगदीश गुरूरानी, खीमानंद गहतोड़ी, मुकेश गहतोड़ी, गपोल पंतोला, सतीश चंद्र जोशी, बृजमोहप जोशी, गीता जोशी, शिया गहतोड़ी, राधा आदि थे।