चंपावत। राज्य आंदोलनकारियों में क्षैतिज आरक्षण से वंचित किए जाने से गहरी नाराजगी है। इसके लिए उन्होंने पूर्ववर्ती भाजपा और कांग्रेस सरकार को दोषी ठहराया है। उन्होंने गैरसैण में होने वाले आगामी विधानसभा सत्र में इस आशय का बिल पास करने की मांग की है। ऐसा नहीं किए जाने पर उन्होंने आंदोलन करने की चेतावनी दी है।
शुक्रवार को यहां पूर्व ब्लाक प्रमुख भगीरथ भट्ट और बसंत तड़ागी के संचालन में हुई बैठक में आंदोलनकारियों ने भाजपा और कांग्रेस सरकार को आड़े हाथों लिया। उनका कहना था कि आरक्षण से वंचित होने के लिए सरकार की नाकामी जिम्मेदार है। यदि समय से इस आशय का कानून बना दिया जाता तो आज राज्य आंदोलनकारी अपने आप को ठगा महसूस नहीं करते। उन्होंने क्षैतिज आरक्षण पर आगामी विधानसभा सत्र में कोई ठोस निर्णय नहीं लेने पर आंदोलन करने की चेतावनी दी। बैठक में पूर्व ब्लाक प्रमुख बहादुर सिंह फर्त्याल, हरगोविंद बोहरा, मोहन सिंह चौधरी, डीके पांडेय, ललित गोस्वामी और सुनील गड़कोटी मौजूद थे।