चंपावत। चंपावत जिले में पांच दिन में दूसरी बार रातभर अंधेरा रहा। बृहस्पतिवार शाम को आए अंधड़ और मौसम खराब होने के चलते जगह-जगह बिजली लाइनों के क्षतिग्रस्त होने से रात भर बत्ती गुल रही। बिजली आपूर्ति ठप होने से लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ी।
चंपावत जिले में बृहस्पतिवार शाम करीब छह बजे से बिजली आपूर्ति ठप रही। इस वजह से चंपावत जिले के पहाड़ और मैदानी क्षेत्र में पूरी रात अंधेरा रहा। जिले के पर्वतीय क्षेत्रों में सुबह 10 बजे बिजली आपूर्ति सुचारु हो गई। मगर मैदानी क्षेत्र टनकपुर में शाम पांच बजे बाद बिजली बहाल हो सकी। रातभर बत्ती गुल होने से मैदान के लोगों को भीषण गर्मी झेलनी पड़ी।
ऊर्जा निगम के चंपावत खंड के अधिशासी अभियंता राजेश कुमार ने ब ाया कि अंधड़ के चलते पेड़ गिरने से जिले में आठ जगहों में बिजली लाइन को भारी नुकसान हुआ है। पहाड़ी क्षेत्र में घाट-लोहाघाट के बीच बिजली लाइन क्षतिग्रस्त हुई। पहाड़ की खामी को सुबह 10 बजे तक ठीक कर आपूर्ति सुचारु कर दी गई। जबकि मैदानी क्षेत्र में आपूर्ति शाम के वक्त सामान्य हो सकी। बता दें कि इससे पूर्व 2 जून को चंपावत जिले के पहाड़ी हिस्से को रातभर अंधेरे में रहने को मजबूर होना पड़ा था।
अंधड़ से हाईटेंशन विद्युत लाईन बुरी तरह हुई है क्षतिग्रस्त
टनकपुर/बनबसा। बृहस्पतिवार की देर सायं आए को आए तेज अंधड़ ने टनकपुर से लेकर लोहियाहेड पावर हाउस तक हाईटेंशन विद्युत लाईन को जगह-जगह बुरी तरह क्षतिग्रस्त किया है। सुबह से लाइन की मरम्मत में जुटी ऊर्जा निगम की टीम देर शाम तक लाइन की मरम्मत नहीं कर पाई थी। खबर लिखे जाने तक बिजली आपूर्ति सुचारु नहीं हो पाई है। बिजली गुल रहने से लोगों को गर्मी झेलने के साथ ही पानी की समस्या का भी सामना करना पड़ा है। विद्युत विभाग के जेई परमिंदर सिंह के अनुसार टनकपुर से लोहियाहेड पावर हाउस के बीच करीब आधा दर्जन से अधिक स्थानों पर लाइन में पेड़ों के गिरने से लाइन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुई है। शुक्रवार की देर रात तक मरम्मत पूरी कर बिजली आपूर्ति सुचारु कर दी जाएगी।