पाटी क्षेत्र में लगी आग को बुझाते पुलिस, वन कर्मी और स्थानीय लोग।
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चंपावत जिले के कई हिस्से बुरी तरह जंगल की आग के चपेट में है। सिप्टी, सिमल्टा, पाटी, लोहाघाट क्षेत्र के करीब 13 हेक्टेयर जंगल में भीषण आग लगी। वन विभाग के अलावा लोहाघाट से पहुंची अग्रिशमन टीम ने आग पर काबू पाने के लिए भारी मशक्कत की।
अग्रिशमन अधिकारी चंदन राम के नेतृत्व में लीडिंग फायरमैन मोहन थापा, राजेश खर्कवाल, पंकज सिंह, नरेश जोशी, हरीश चम्याल, भैरव सिंह, प्रमोद, वन दरोगा चतुर सिंह, हरीश भट्ट, करम सिंह, हरीश जोशी, बंशीधर, दीवान सिंह, घनश्याम जोशी, दिनेश भट्ट आदि ने चंपावत-तामली रोड पर स्थित सिमल्टा के जंगलों की आग बुझाई। वहीं सिप्टी और पाटी क्षेत्र के जंगलों की आग को बुझाने में वन और पुलिस विभाग की टीम को भारी मशक्कत करनी पड़ी। आग बुझाने में कई स्थानों पर स्थानीय लोगों ने भी सहयोग किया। काली कुमाऊं के वन क्षेत्राधिकारी हेम चंद्र गहतोड़ी का कहना है कि जंगलों में आग लगाने वालों का पता लगा जरूरी कार्यवाही का प्रयास किया जा रहा है। जंगल की आग के चलते सिमल्टा, चंपावत के बाहरी हिस्से, पाटी आदि क्षेत्रों में भारी मात्रा में धुंध छा गई है। इसके चलते आसपास के लोगों को भारी दुश्वारी हो रही है।
अब तक आग लगने की हो चुकी हैं 90 घटनाएं
चंपावत। जिले में अब तक दावाग्रि की 90 घटनाएं हो चुकी हैं। पाटी और भिंगराड़ा रेंज में चीड़ के जंगलों में सबसे ज्यादा आग लगी है। जिले में अब तक 139 हेक्टेयर वन भूमि में वनाग्नि से नुकसान पहुंचा है। प्रभागीय वनाधिकारी कुबेर सिंह बिष्ट ने बताया कि वन पंचायतों के साथ आरक्षित वन क्षेत्र में चीड़ के जंगलों में आग लगने की सबसे ज्यादा घटनाएं सामने आई हैं। ब्यूरो