जंगल की आग से राइंका केदारूखाल में जले हुए कक्षा-कक्ष।
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धारकोट के जंगल में मंगलवार रात को लगी आग से राजकीय इंटर कॉलेज केदारूखाल के तीन कक्षा-कक्ष और उनमें रखा फर्नीचर जल गया। शिक्षक, छात्र और ग्रामीण जब बुधवार सुबह यहां पहुंचे तो आग देखकर बुझाने में जुट गए। सभी की तत्परता से आग बुझाई गई और इंटर कॉलेज के दो अन्य कक्षों को जलने से बचा लिया गया। इसके बाद इन दो कक्षाओं की सफाई कर यहां पढ़ाई करवाई गई।
जीआईसी केदारूखाल के प्रधानाचार्य संजय शाह और प्रवक्ता डॉ. कमलेश कुंवर ने बताया कि मंगलवार दोपहर को स्कूल की छुट्टी होने के बाद शिक्षक और छात्र-छात्राएं घर चले गए थे। कॉलेज आबादी के बीच जंगल में है और उसके आसपास चीड़ के पेड़ हैं। उन्होंने कहा कि धारकोट के जंगल में लगी आग मंगलवार रात को कॉलेज के पीछे से होकर स्कूल तक पहुंची और तीन कक्षा-कक्ष पूरी तरह तरह जल गए। सुबह जब सिनखाल गांव के ग्रामीणों को स्कूल प्रांगण तक आग पहुंचने का पता चला तो वे मौके पर पहुंचे। इसी दौरान शिक्षक और छात्र-छात्राएं भी कॉलेज में पहुंच गए और ग्रामीणों के सहयोग से आग बुझाने में जुट गए। उन्होंने कहा कि पेड़ की टहनियों और पानी डालकर आग को बुझाया गया। साथ ही दो कमरों को जलने से बचा लिया गया, जो तीन कक्ष जल गए हैं वहां कक्षा 8, 9 और 10वीं की कक्षाएं चलती थीं। कक्ष जलने के बाद बच्चों को अन्य कक्षों में पढ़ाया जा रहा है। वहीं, रतूड़ा गांव के राकेश रतूड़ी ने कहा कि वन विभाग को आग लगाने वाले असामाजिक तत्वों पर पैनी नजर रखनी चाहिए।