14 जनवरी मकर संक्रांति (शुक्रवार) को आदिबदरी मंदिर के कपाट विधि-विधान से श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए जाएंगे। मंदिर समिति ने इस बार कोविड को देखते हुए नौ दिवसीय महाभिषेक समारोह स्थगित कर दिया है। मंदिर के कपाट 16 दिसंबर 2021 को पौष माह के लिए बंद हुए थे।
आदिबदरी मंदिर के कपाट प्रतिवर्ष पौष माह में बंद रखने और मकर संक्रांति को खोलने की परंपरा चली आ रही है। कपाट खुलने के बाद सप्ताहभर तक भगवान आदिबदरी नाथ जी का महाभिषेक समारोह आयोजित किया जाता रहा है, लेकिन इस बार इस कार्यक्रम को स्थगित किया गया है। मंदिर समिति के उपाध्यक्ष विनोद नेगी व महासचिव गैंणा रावत ने कहा कि कपाट खुलने की परंपरा का पूरा निर्वहन किया जाएगा। मंदिर के पुजारी चक्रधर थपलियाल ने कहा कि कपाट 14 जनवरी को प्रात: ब्रह्ममुहूर्त में खोले जाएंगे।
सिमली में 14 को बंद होंगे चंडिका देवी मंदिर के कपाट
कर्णप्रयाग। सिमली स्थित राजराजेश्वरी चंडिका देवी मंदिर के कपाट 14 जनवरी (मकर संक्रांति) को विधि विधान से बंद होंगे। इस दौरान मंदिर में भव्य पूजा-अर्चना का कार्यक्रम होगा। मंदिर के पुजारी कृष्णा गैरोला ने बताया कि परंपरा के तहत माघ महीने में मंदिर के कपाट बंद होते हैं। फिर 15 दिन के बाद विधि-विधान से मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शनों के लिए खोले जाते हैं। संवाद