पहाड़ी से चट्टान दरकने से कर्णप्रयाग-ग्वालदम हाईवे पर नलगांव बंद हो गया। इस दौरान हाईवे के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। ऐसे में स्थानीय लोगों के साथ कुमाऊं और गढ़वाल के साथ ही देहरादून, श्रीनगर और अन्य मैदानी क्षेत्रों को जाने वाले वाहन भी फंस गए।
दो दिनों तक हुई बारिश से सोमवार को कर्णप्रयाग-ग्वालदम हाईवे पर नलगांव में अचानक चट्टान दरक गई और मलबा आ गिरा। मलबा आने से यहां गढ़वाल और कुमाऊं को आने-जाने वाले वाहन फंस गए। करीब साढ़े तीन घंटे बाद बीआरओ ने मलबा हटाकर यातायात सुचारु किया तो लोग गंतव्य के लिए रवाना हुए।
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बारिश से कुमाऊं को जाने वाला कर्णप्रयाग-ग्वालदम हाईवे नलगांव में सोमवार सुबह करीब साढ़े छह बजे पहाड़ी से चट्टान दरकने से बंद हो गया। इस दौरान हाईवे के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। ऐसे में स्थानीय लोगों के साथ कुमाऊं और गढ़वाल के साथ ही देहरादून, श्रीनगर और अन्य मैदानी क्षेत्रों को जाने वाले वाहन भी फंस गए।
सूचना पर पहुंचे बीआरओ ने जेसीबी की मदद से बोल्डरों को हटाना शुरू किया और करीब साढ़े तीन घंटे बाद यातायात सुचारु कर दिया गया। बीआरओ के अवर अभियंता सुमित कुमार ने बताया कि सोमवार पूर्वाह्न दस बजे यातायात सुचारु कर दिया गया था। वहीं दूसरी ओर बारिश से थराली के पास सिमलसैंण में भी मलबा आ गया था। जहां कुछ देर के लिए जाम लगा रहा।