ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को भेजा ज्ञापन, आंदोलन की दी चेतावनी
कंपनी अधिकारियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की उठाई मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
जोशीमठ। पीपलकोटी-विष्णुगाड जल विद्युत परियोजना का मलबा कार्यदायी संस्था हिंदुस्तान कंस्ट्रक्शन कंपनी (एचसीसी) की ओर से गुलाबकोटी गांव की वन पंचायत और निजी भूमि पर डाला जा रहा है। वहां से यह मलबा सीधे अलकनंदा नदी में जा रहा है। ग्रामीणों ने इस संबंध में जिलाधिकारी को ज्ञापन भेजा। उन्होंने कंपनी के जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। कहा कि यहां मलबा डालने का काम बंद नहीं किया गया और कंपनी के अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई तो वे आंदोलन करेंगे।
टीएचडीसी की विष्णुगाड जल विद्युत परियोजना में कार्यदायी संस्था एचसीसी है। गुलाबकोटी के ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि परियोजना के बैराज साइट का मलबा ग्रामीणों की सहमति के बिना वन पंचायत और निजी भूमि पर डाला जा रहा है। यहां से मलबा सीधे अलकनंदा में जा रहा है। इसके साथ ही ग्रामीणों का श्मशान घाट जाने का रास्ता भी ध्वस्त हो गया है। ग्रामीणों ने इस संबंध में कंपनी के अधिकारियों को बताया लेकिन उन्होंने उनकी बात को अनसुना कर दिया। उन्होंने जिलाधिकारी से मामले की जांच करवाकर कंपनी के जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की मांग की। ज्ञापन भेजने वालों में क्षेत्र पंचायत सदस्य दीपक रावत, ग्राम प्रधान जानकी प्रसाद, सरपंच लक्ष्मी देवी सहित अन्य ग्रामीण शामिल रहे। इधर, टीएचडीसी के एजीएम पीएस रावत का कहना है कि गुलाबकोटी के घाट वाली भूमि का समतलीकरण किया जाना है जिसके कारण यहां मलबा डाला जा रहा है।