दो वर्षों से भूस्खलन और सड़क बंद की समस्या झेल रहे लोगों को मिलेगा छुटकारा
संवाद न्यूज एजेंसी
कर्णप्रयाग। चारधाम यात्रा शुरू होते ही बदरीनाथ हाईवे पर बना चटवापीपल पुल वाहनों की आवाजाही के लिए शुरू हो गया है। इससे यहां यातायात सुगम हो गया है। साथ ही बरसात में होने वाले भूस्खलन और सड़क बंद सहित जाम की समस्या से छुटकारा मिल जाएगा।
बदरीनाथ यात्रा मार्ग पर कर्णप्रयाग और गौचर के मध्य चटवापीपल के पास गदेरे में लगातार दो वर्षों से भूस्खलन हो रहा था। बरसात के दौरान यहां कई बार सड़क बंद रहती है। सड़क संकरी होने और मलबा होने के कारण दलदल भी हो जाती थी जिससे जाम लगता था। बीते एक साल से एनएचआईडीसीएल यहां पुल निर्माण कर रहा था। अब चारधाम यात्रा शुरू होने के साथ ही चटवापीपल पुल भी वाहनों के लिए खोल दिया गया है। अब पुल पर वाहन फर्राटा भरने लगे हैं। टू लेन पुल बनने से अब यहां जाम की समस्या से निजात मिल गई है। स्थानीय सुनील नैनवाल का कहना है कि इस पुल से चारधाम यात्रा ही नहीं बल्कि रोजमर्रा के आवागमन करने वालों को भी लाभ मिलेगा। वहीं एनएचआईडीसीएल के प्रबंधक अंकित सिंह का कहना है कि पुल का निर्माण पूरा हो चुका है। भार क्षमता मापन के बाद वाहन यहां गुजरने लगे हैं। साथ ही हाईवे जहां जहां खराब है वहां भी ठीक करने के लिए युद्धस्तर पर काम किया जा रहा है।
इंसेट
कमेड़ा और उमट्टा में दिक्कत
बदरीनाथ हाईवे पर कमेड़ा एवं उमट्टा में अभी दिक्कत बनी है। यहां भूस्खलन से समस्या बनी है। कमेड़ा में सिंगल लेन में यातायात चल रहा है। हालांकि एनएचआईडीसीएल यहां युद्धस्तर पर सुधारीकरण कार्य कर रहा है।