सुहावने मौसम के बीच नगर में कुमाऊं के सुप्रसिद्ध उत्तरायणी मेले की दिन-रात धूम मची हुई है। रविवार की नाइट आनंद कोरंगा, कुंदन कोरंगा एंड पार्टी के नाम रही। मेलार्थी लोक कलाकार आनंद कोरंगा के गीत तेरि गुलाबी साड़ी हो भागुली..., हेमा ध्यानी के गीत घास काटूंल इजू... में अपनी ही जगह जमकर ठुमके लगाने को मजबूर हो गए। लोक कलाकारों ने अपनी मन मोहक प्रस्तुतियों से मेले में समां बांधने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ी।
ऐतिहासिक नुमाइशखेत मैदान स्थित रामलीला भवन में रविवार रात लोक कलाकार आनंद कोरंगा ने घुंघरालि दातुलि छुंड़काली..., उड़ि-उड़ि न्है ज्ञाना द्वि पंछी आकाशा..., हेमा ध्यानी ने घास काटूंल इजू..., सुरेश प्रसाद सुरीला ने ज्योति मैय्या महाकाली सुण मेरी पुकारा..., गोविंद पंवार ने माता ओ दुर्गा माता भगवती माता धरि दिया लाजा..., कुंदन कोरंगा ने हिमा ह्यूं पड़ डाना गैला भनारा..., नैननाथ रावल ने मेरि साली सरूली साली..., पहाड़ में स्यो खानी, खुमानि खानी नारिंग खानी..., दीपा नगरकोटी ने छोरा मोहना..., रमेश कोरंगा, रोहित आगरी ने लाली ओ लाली हौंसिया... गीत गाकर मेलार्थियों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
नीलम, निहारिका, किरन उपाध्याय ने मनमोहक नृत्य पेश कर मेलार्थियों को थिरकने को मजबूर कर दिया। मंच पर हुई प्राइमरी वर्ग की डांस प्रतियोगिता में चिल्ड्रन डांस एकेडमी की खुशी पांडे ने मोर बागाभा बोल आधी रात मां... में पहला, कंट्रीवाइड पब्लिक स्कूल की माही रौतेला ने दूसरा, पाइनवुड पब्लिक स्कूल के अमन ने तीसरा स्थान प्राप्त किया।
मुख्य अतिथि ब्लॉक प्रमुख रेखा खेतवाल ने कहा कि मेलों में झलकती उत्तराखंड की संस्कृति बेजोड़ है। इसे संरक्षित करने के लिए सभी को आगे आने को कहा। कार्यक्रम का संचालन जयंत भाकुनी ने किया। वहां नगर पालिकाध्यक्ष गीता रावल, भगत रावल, छात्रनेता सुरेश खेतवाल, विधायक प्रतिनिधि जगदीश जोशी, छात्रसंघ अध्यक्ष हरीश मेहरा, हेम चंद्र जोशी, रघुवीर दफौटी, उमेश टाकुली, सुनील भंडारी, उमेश साह, पंकज पांडे, ईश्वर पांडे, बाली राम, भाष्कर टम्टा, ईश्वर पांडे, मनोज कपकोटी, नगर पालिका परिषद के ईओ ईश्वर सिंह रावत, सभासद नवीन साह, दीप चंद्र जोशी आदि थे।