बागेश्वर। पंडित बीडी पांडेय परिसर में पांचवें सेमेस्टर की प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई है। हालांकि अब तक चौथे सेमेस्टर का रिजल्ट नहीं आया है। पांचवें सेमेस्टर में प्रवेश के लिए पहले के चारों सेमेस्टर में उत्तीर्ण होना जरूरी है। बावजूद इसके परिसर ने बिना परीक्षा परिणाम घोषित हुए पांचवें सेमेस्टर का संचालन भी शुरू कर दिया है।
एसएसजे विवि से जारी निर्देशों के अनुसार चारों सेमेस्टर में पास एनईपी के विद्यार्थियों को ही पांचवें सेमेस्टर में प्रवेश दिया जाना है। प्रवेश प्रक्रिया जारी होने के बाद भी विद्यार्थियों के प्रवेश की नींव चौथे सेमेस्टर के रिजल्ट पर अटक गई है। पंडित बीडी पांडेय परिसर में विद्यार्थियों के दस्तावेज विभागों में जमा किए जा रहे हैं। रिजल्ट घोषित होते ही दस्तावेजों का सत्यापन किया जाएगा। इसके बाद विद्यार्थी फीस जमा कर सेमेस्टर में प्रवेश लेंगे। पहले और दूसरे साल में विद्यार्थियों को चार मुख्य विषय और एक सामान्य विषय का चयन करना होता है।
पास न होने पर विद्यार्थी दो विषयों के लिए सुधार परीक्षा दे सकते हैं। पूर्व में चौथे सेमेस्टर की सुधार परीक्षा विद्यार्थी छठे सेमेस्टर में देते थे, लेकिन एनईपी के विद्यार्थियों के पास यह मौका भी नहीं है। दरअसल पांचवें और छठे सेमेस्टर के विद्यार्थियों को दो मुख्य विषय के साथ एक शोधपत्र भी तैयार करना है। जिसके लिए पूर्व की परीक्षाएं पास करना जरूरी है।
डॉ. गिरीश चंद्र साह, निदेशक, बीडी पांडेय परिसर बागेश्वर ने कहा कि विश्वविद्यालय से रिजल्ट जारी होने के बाद अभ्यर्थियों के दस्तावेजों का सत्यापन किया जाएगा। चारों सेमेस्टर की परीक्षा पास करने वाले विद्यार्थियों को ही पांचवें सेमेस्टर में प्रवेश दिया जाएगा। पांचवें सेमेस्टर की कक्षाएं संचालित की जा रहीं हैं। इनमें फिलहाल सभी विद्यार्थियों को बैठने दिया जा रहा है।