बागेश्वर। डीएम रंजना राजगुरु ने पंचायत चुनाव की सीटों के आरक्षण पर लगी आपत्तियां निस्तारित कर दी हैं। इसके बाद पंचायत चुनाव की सीटों का अंतिम आरक्षण तय कर लिया गया है। इसका खुलासा शनिवार को प्रस्तावित अंतिम आरक्षण सूची में किया जाएगा।
जिले की त्रिस्तरीय पंचायतों में सदस्य क्षेत्र पंचायत, जिला पंचायत, प्रमुख क्षेत्र पंचायत, ग्राम प्रधान, ग्राम पंचायत के स्थानों एवं पदों की आरक्षण सूची का अनंतिम प्रकाशन 27 अगस्त को डीएम की ओर से किया गया था। सीटों के आरक्षण प्रस्तावों पर 27 और 28 अगस्त तक लोगों से डीपीआरओ, डीएम, ब्लॉक कार्यालय, विकासखंड स्तर पर आपत्तियां ली गईं। इस दौरान ब्लॉक प्रमुख के दो, सदस्य जिला पंचायत पर 13, सदस्य क्षेत्र पंचायत पर 19, प्रधान ग्राम पंचायत पर 81 समेत कुल 115 आपत्तियां आईं। कलक्ट्रेट सभागार में शुक्रवार को डीएम रंजना ने इन आपत्तियों की सुनवाई की। अब पंचायतों की अंतिम आरक्षण सूची बनाई जा रही है। इसका प्रकाशन शनिवार को किया जाएगा। इस दौरान सीडीओ एसएसएस पांगती, डीडीओ केएन तिवारी, नोडल अधिकारी प्रशिक्षण उदय शंकर, डीपीआरओ रामपाल सिंह आदि थे।
परिसीमन से घट गईं नौ ग्राम पंचायतें
बागेश्वर। डीपीआरओ रामपाल सिंह ने बताया कि सभी तीन ब्लॉकों में बीडीसी सीटें पहले की भांति 40-40 हैं। जिला पंचायत के वार्ड 20 से घटकर 19 हो गए हैं। जिले में पहले कुल ग्राम पंचायतें 416 थीं, जबकि अब 407 हैं। गरुड़ ब्लॉक में ग्राम पंचायतों की संख्या पहले की भांति 106 है। बागेश्वर ब्लॉक में पहले 192 ग्राम पंचायतें थीं जबकि अब इनकी संख्या 182 है। कपकोट में एक ग्राम पंचायत बढ़ी है। वहां ग्राम पंचायतों की संख्या 118 से बढ़कर 119 हो गई है।
अल्मोड़ा में आईं 237 आपत्तियां, निस्तारित
अल्मोड़ा। त्रिस्तरीय पंचायतों में सीटों के आरक्षण को लेकर दाखिल की गई 237 आपत्तियों की जिला मजिस्ट्रेट नितिन सिंह भदौरिया ने विकास भवन सभागार में सुनवाई की। उन्होंने आपत्तिकर्ताओं और जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में आपत्तियों को सुना। उन्होंने कहा कि जो भी आरक्षण प्रक्रिया अपनायी गई है वह निर्धारित रोस्टर के अनुरूप है। आपत्तियों का निराकरण करते हुए नियमानुसार कार्यवाही की जाएगी। सूची का अंतिम प्रकाशन शनिवार को होगा।
जिले में क्षेत्र पंचायत, जिला पंचायत सदस्यों, क्षेत्र प्रमुखों, ग्राम प्रधान के स्थानों और पदों के आरक्षण का अनंतिम प्रकाशन 27 अगस्त को जिला मजिस्ट्रेट ने किया था। जिसकी सूची आम जनता, जन प्रतिनिधियों के अवलोकन के जिला अधिकारी कार्यालय, समस्त विकास खंड कार्यालय, जिला पंचायतराज अधिकारी कार्यालय के नोटिस बोर्ड में चस्पा की गई थी, ताकि किसी भी व्यक्ति को आरक्षण के संबंध में किसी भी प्रकार की कोई आपत्ति हो तो वह उसे दर्ज करा सके। इन आरक्षण प्रस्तावों पर 28 अगस्त को आपत्तियां जिला पंचायतराज अधिकारी, जिलाधिकारी कार्यालय, विकासखंड स्तर पर बीडीओ कार्यालय में आपत्तियां ली गईं। कुल 237 आपत्तियां प्राप्त हुई थी। जिनमें क्षेत्र प्रमुख के लिए छह, जिला पंचायत सदस्य के लिए 22, क्षेत्र पंचायत सदस्य के लिए 26 और ग्राम प्रधान के लिए 183 आपत्तियां प्राप्त हुई थी।
जिलाधिकारी नितिन सिंह भदौरिया ने शुक्रवार को विकास भवन में सभी आपत्तियों को सुना। उन्होंने कहा कि आरक्षण प्रक्रिया निर्धारित रोस्टर के अनुरूप की गयी है। आपत्तियों का निराकरण करते हुए नियमानुसार कार्यवाही की जाएगी। इस दौरान सीडीओ मनुज गोयल, जिला पंचायत राज अधिकारी बीएस दुग्ताल, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी राकेश जोशी, पंचायती राज विभाग के हरीश मर्तोलिया, बीना आर्या के अलावा अनेक जनप्रतिनिधि और अन्य लोग उपस्थित थे।