नाग मंदिरों के सुंदरीकरण के लिए जिला योजना से दस लाख रुपये की मंजूरी दी गई है। इस राशि से फिलहाल दो मंदिरों के सुंदरीकरण और परिसर में विकास कार्य होंगे।
क्षेत्र में धौली नाग, फेणी नाग, कालिय नाग सहित कई नागों के मंदिर हैं। क्षेत्र के लोग लंबे समय से इन मंदिरों के सुंदरीकरण और परिसर विकास की मांग करते रहे हैं।
नागों के इन मंदिरों को सरकार धार्मिक पर्यटन से जोड़ने पर जोर देती रही है। जिला पर्यटन अधिकारी आरएस ऐरी ने बताया कि फिलहाल जिला योजना में फेणीनाग मंदिर के विकास के लिए तीन लाख की व्यवस्था की गई है।
धौली मंदिर के लिए सात लाख रुपये मंजूर किए गए हैं। उन्होंने बताया कि कालियनाग मंदिर के लिए धन आवंटन के प्रयास किए जा रहे हैं।
अमर उजाला ने दो जून को ‘संकट से उबारने वाले के सामने पहचान का संकट’ शीर्षक से नाग मंदिरों की उपेक्षा के मामले को उजागर किया था।
जिलाधिकारी भूपाल सिंह मनराल ने पर्यटन विभाग को इस मामले में कार्रवाई करने के निर्देश दिए। पर्यटन अधिकारी ने बताया कि कांडा की जोगाबाड़ी गुफा सहित कई धर्मस्थलों के विकास को विभाग प्रयासरत है।