डिप्लोमा इंजीनियर महासंघ के प्रांतीय आह्वान पर इंजीनियरों का यहां चल रहा तीन दिवसीय कार्य बहिष्कार सोमवार को भी जारी रहा। बहिष्कार से निर्माण कार्यों पर विपरीत असर पड़ रहा है। सभा में समस्याओं का समाधान न होने पर रोष जताया और प्रांतीय आह्वान पर एक दिसंबर से बेमियादी हड़ताल पर जाने का एलान किया गया।
विभिन्न विभागों के डिप्लोमा इंजीनियर लोनिवि के डाक बंगले में जमा हुए। सभा में वक्ताओं ने कहा कि मुख्यमंत्री से गत 29 नवंबर को संघ के पदाधिकारियों में जीबी तिवारी और सुनील कांडपाल ने सीएम के अल्मोड़ा भ्रमण के दौरान उनसे मुलाकात की। उनकी मांगों के सिलसिले में वार्ता कर उन्हें ज्ञापन सौंपा।
मुख्यमंत्री ने समस्याओं के समाधान पर सकारात्मक आश्वासन दिया। सभा में चेतावनी दी गई जब तक अपर सहायक अभियंता के पद को नॉन फंक्शनल करने और अधीक्षण अभियंता पद का वेतनमान ग्रेड पे उत्तर प्रदेश और केंद्र की तरह करने समेेत कुल 16 मांगों को अमलीजामा पहना नहीं दिया जाता तब आंदोलन जारी रहेेगा।
एक दिसंबर से बेमियादी हड़ताल पर जाने का संकल्प लिया गया। सभा की अध्यक्षता महासंघ के जिलाध्यक्ष आरपी टम्टा ने और संचालन जिला सचिव संजय कार्की ने किया।
यहां जगत सिंह बोरा, केएल वर्मा, पंकज मेहता, रजनीश प्रसाद, भास्कर बस्वाल, देवेंद्र खिंचवाल, मनीष सिंह, टीएन बिष्ट, देवेंद्र कुमार, नंदन सिंह बोरा, विपिन सनवाल, प्रमोद सिंह, रवींद्र नेगी, दीनदयाल, ललित कुमार, दलीप कुमार जेके टम्टा, जीबी तिवारी, सुनील कांडपाल, सुनील कांडपाल, नंदकिशोर जोशी, विमल जोशी, महेश पंत, कमल पाठक, इंद्र कुंवर, दीपिका, कोकिला, पंकज तिवारी, भुवन जोशी, मनोज भट्ट, दीप पांडे आदि थे।