बालू , पत्थर और कंकड़ से पटी बैजनाथ कृत्रिम झील की सफाई अब कुछ ही दिनों के अंदर हो जाएगी। झील की सफाई होने के बाद झील के पानी भंडारण की क्षमता 56000 घन मीटर हो जाएगी। डीएम ने झील की सफाई करने की फाइल पर आज मुहर लगा दी है।
डीएम रंजना राजगुरु ने तीन माह पूर्व पूर्व बैजनाथ झील का औचक निरीक्षण किया था। झील में पत्थर, बालू और कंकड़ से पटी देख कर डीएम ने मौके पर सिंचाई विभाग के एसडीओ को झील सफाई की फाइल तैयार करने के निर्देश दिए थे। सिंचाई विभाग के एसडीओ एससी सती ने सप्ताह के अंदर फाइल तैयार कर डीएम को भेजी थी। डीएम ने झील के कंकड़, पत्थर और बालू की नीलामी कराने की फाइल पर बृहस्पतिवार को अपनी मुहर लगा दी है। सिंचाई विभाग के एसडीओ ने बताया कि बैजनाथ झील में कंकड़, पत्थर और बालू से पटने के कारण झील की पानी स्टोरेज की क्षमता मात्र 39000 घनमीटर रह गई थी। उन्होंने बताया कि झील की सफाई होने से जहां झील की पानी भंडारण की क्षमता बढ़ेगी वही विभाग को लाखों रुपये का राजस्व मिलेगा।