बागेश्वर के जिला अस्पताल में फिजिशियन कक्ष के बाहर लगी मरीजों की भीड़। संवाद
बागेश्वर। जिला अस्पताल में चिकित्सकों की कमी से मरीजों को दिक्कतें हो रही हैं। जिला अस्पताल में लंबे समय से ईएनटी विशेषज्ञ का पद रिक्त है। चिकित्सकों कमी से मरीजों को इलाज के लिए घंटों इंतजार करना पड़ रहा है। जिला अस्पताल में रोजाना 500 से अधिक मरीज पहुंच रहे हैं।
गर्मी के मौसम में दूर-दराज ग्रामीण क्षेत्रों से मरीज जिला अस्पताल पहुंचते हैं। पर्ची काउंटर पर एक ही काउंटर होने से सुबह से ही लोगों की लंबी लाइनें लग रही हैं। ओपीडी में एकमात्र फिजिशियन डॉ. प्रीति यादव ने 141 मरीजों की जांच की। उनके कक्ष के बाहर मरीजों की लंबी कतार लगी रही।
लंबे समय से ईएनटी चिकित्सक नहीं होने से उनके कक्ष के बाहर ताला लटका रहा। नाक, कान और गले के मरीजों को अस्पताल पहुंचकर बैरंग वापस लौटना पड़ रहा है। जिला अस्पताल में तैनात नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. कल्पना पांडेय बीते तीन दिनों से अवकाश पर हैं। इस वजह से आंख के रोगियों का भी उपचार नहीं हो पा रहा है।
जिला अस्पताल में तैनात प्रभारी सीएमएस डॉ. एसपी त्रिपाठी के अवकाश पर चले जाने और नवनियुक्त प्रभारी सीएमएस के कार्यभार ग्रहण नहीं करने से वरिष्ठ सर्जन डॉ. राजीव उपाध्याय को सीएमएस का प्रभार दिया गया है। उन्हें ओपीडी में मरीजों के अलावा अस्पताल प्रबंधन के कार्य भी देखने पड़ रहे हैं।