बागेश्वर-कपकोट सड़क में आया मलबा हटाती जेसीबी।
- फोटो : अमर उजाला
शुक्रवार की रात जिले में मूसलाधार बारिश हुई। बारिश से कई स्थानों पर भूस्खलन हो गया। मलबा और चट्टानें टूटने से जिले की आठ सड़कें यातायात के लिए बंद हो गई। हरसीला में मलबा आने से बागेश्वर-कपकोट सड़क पर लगभग एक घंटे तक यातायात बाधित रहा। कपकोट में सबसे अधिक 75 एमएम वर्षा रिकार्ड की गई।
शुक्रवार की शाम सात बजे से शुरू हुई बारिश रात भर जारी रही। बारिश से सरयू व गोमती सहित छोटी-बड़ी नदियां उफान पर आ गई। बारिश से मलबा आने और चट्टाने खिसकने से भयूं-गुलेर, सौंग-खालीधार, बाछम-कन्यालीकोट-जगथाना, हरसीला-पुड़कुनी, कौसानी-भतेड़िया, हरिनगरी-कुलांऊ-ग्वालदम, कंधार-रीठातल्ला-परकोटी-सिरकोट और बागेश्वर-कपकोट सड़कें बंद हो गईं। सड़कों के बंद होने की सूचना के बाद पीडब्लूडी और पीएमजीएसवाइ द्वारा मौके पर जेसीबी भेजी गई।
बागेश्वर-कपकोट सड़क पर हरसीला के समीप बार-बार मलबा आ रहा है। शनिवार को भी मलबा आने से लगभग एक घंटे यातायात बाधित रहा। अन्य सड़कों से मलबा हटाने का काम जारी था। उधर कपकोट-पिंडारी मोटर मार्ग पर सड़क निर्माण का काम जारी है। एक माह पूर्व तेज बारिश में इस सड़क का लगभग 20 मीटर हिस्सा बह गया था। इस समय पिंडारी के लिए पुल बाजार से होकर वाहनों का संचालन किया जा रहा है।
शुक्रवार की रात हुई बारिश-
बागेश्वर- 27.50 एमएम।
गरुड़ - 30.00 एमएम
कपकोट- 75.00 एमएम।
--------------------------------
नदियों का जल स्तर-
गोमती- 863.90 मीटर।
सरयू - 866.70 मीटर।
डेंजर लेबल - 870.70 मीटर।