कपकोट/बागेश्वर। तहसील के भुरकुटी गांव को जोड़ने वाली पेयजल लाइन एक महीने से क्षतिग्रस्त है। पेयजल मार्ग में ही बर्बाद हो रहा है जबकि ग्रामीणों के हलक सूखे हुए हैं। शिकायत करने के बाद भी क्षतिग्रस्त पेयजल योजना का सुधार नहीं करने से ग्रामीणों में नाराजगी है।
भुरकुटी में निवास करने वाले 35 परिवारों के लिए छेती में बनी पंपिंग योजना से पाइप लाइन बिछाई गई है। यह पाइप लाइन एक महीने पहले कपकोट-सुकंडा मोटर मार्ग पर क्षतिग्रस्त हो गई थी। तब से इसमें सुधार नहीं किया गया है। पानी मार्ग में ही बर्बाद हो रहा है। जबकि ग्रामीण बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि सूचना के बाद भी पेयजल विभाग द्वारा क्षतिग्रस्त पाइप लाइन का सुधार नहीं किया जा रहा है। ग्रामीणों ने शीघ्र योजना का सुधार नहीं करने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। इधर, बागेश्वर नगर के मंडलसेरा क्षेत्र में पानी की किल्लत बरकरार है। नलों में जरूरत के अनुसार पानी नहीं आने से लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। अधिकांश लोग हैंडपंप या फिर दूर दराज में स्थित जल स्रोतों से आपूर्ति कर रहे हैं। पेयजल संकट से जूझ रहे जीतनगर, पूर्व सीएमओ कार्यालय, पीपल चौक आदि क्षेत्रों के लोगों ने जल संस्थान से गर्मी शुरू होने से पहले वितरण व्यवस्था में सुधार करने की मांग की है।