बागेश्वर। राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय बागेश्वर में छात्रसंघ के तीन प्रत्याशियों सहित पांच दावेदारों पर नामांकन निरस्त होने की तलवार लटक रही है। कॉलेज प्रशासन ने पांचों दावेदारों को लिंगदोह समिति की सिफारिशों के उल्लंघन का दोषी पाते हुए 24 घंटे के भीतर स्पष्टीकरण देने का आदेश दिया है।
छात्र अध्यक्ष पद के अभाविप के उम्मीदवार भूपेंद्र सिंह दानू, एनएसयूआई के सूरज रौतेला, स्वतंत्र प्रत्याशी शशांक वर्द्धन सहित पवन भौर्याल, अजय पांडे को लिखित नोटिस जारी करते हुए कहा है कि महाविद्यालय परिसर, बागेश्वर नगर, सार्वजनिक, निजी संपत्तियों पर चुनाव प्रचार संबंधित पोस्टर, बैनर, होर्डिंग चस्पा किए गए हैं।
जो कि लिंगदोह समिति, सुप्रीम कोर्ट की सिफारिशों का खुला उल्लंघन है। पूर्व में नोटिस जारी करने के उपरांत भी प्रत्याशियों द्वारा पोस्टर, बैनर नहीं हटाए गए हैं। चेतावनी जारी करते हुए कालेज के प्राचार्य ने 24 घंटे के भीतर पोस्टर नहीं हटाने पर प्रत्याशियों के नामांकन निरस्त करने की बात कही। कॉलेज प्रशासन द्वारा चेतावनी जारी करने के बाद छात्रसंघ के प्रत्याशियों सहित उनके समर्थकों में हड़कंप मच गया है।
चुनाव कार्यक्रम तय
पांच सितंबर को नामांकन प्रपत्रों की बिक्री होगी। छह को दोपहर एक बजे तक प्रत्याशियों के नामांकन के बाद नामांकन पत्रों की जांच, नाम वापसी होगी। सात को आम सभा और आठ को सुबह आठ से दो बजे तक मतदान, तीन बजे से मतगणना और इसके बाद नतीजों की घोषणा की जाएगी। चुनावों को देखते हुए कानून व्यवस्था चाक चौबंद रहेेगी। ब्यूरो
अभाविप ने भूपेंद्र को उतारा
बागेश्वर। अभाविप ने भूपेंद्र सिंह दानू को अध्यक्ष पद के प्रत्याशी के तौर पर मैदान में उतारा है। मंगलवार को आयोजित छात्र सम्मेलन में विधायक चंदन दास, भाजपा जिलाध्यक्ष शेर सिंह गढ़िया, अभाविप के प्रदेश उपाध्यक्ष मनमोहन भाकुनी, भाजयुमो जिलाध्यक्ष मनोज ओली, पूर्व छात्र संघ अध्यक्ष आदर्श कठायत, राजेंद्र परिहार, सूरज नेगी, विशाल नेगी, संजय परिहार, योगेश पूना की उपस्थिति में भूपेंद्र दानू के नाम की घोषणा की गई।