कपकोट (बागेश्वर)। पूर्व सीएम और नैनीताल के सांसद भगत सिंह कोश्यारी 31 अक्तूबर को सहस्रधारा के भ्रमण पर आ रहे हैं। कोश्यारी के इस क्षेत्र की यात्रा करने से सहस्रधारा को नई पहचान मिलने की आशा जगी है।
सरस्वती शिशु मंदिर भराड़ी के प्रधानाचार्य भगवत कोरंगा और दयाल कुमल्टा के अनुसार पूर्व सीएम कोश्यारी 31 अक्तूबर को पतियासार से सरयू के किनारे-किनारे विकट पैदल रास्ते से चलकर सहस्रधारा पहुंचेंगे। सरयू और दुग्धधारा के संगम स्थित सरयू मंदिर में पूजा के बाद वह उसी दिन वापस भद्रतुंगा पहुचेंगे। उन्होंने बताया 75 वर्षीय भगत दा का जनेऊ संस्कार भी सहस्रधारा में ही हुआ था। कोश्यारी के साथ क्षेत्रीय विधायक बलवंत भौर्याल समेत अनेक लोग शामिल होंगे।
दीगर हो कि सरमूल के सर्वांगीण विकास के लिए गंगा विकास प्राधिकरण की तर्ज पर सरयू विकास प्राधिकरण बनाने की मांग को लेकर पिछले दिनों क्षेत्र के लोगों ने बागेश्वर से सरमूल और वहां से बागेश्वर तक की पदयात्रा की थी। अब सरयू की महत्ता को लेकर डाक्यूमेंट्री तैयार की जा रही है। इन सबके बीच पूर्व कोश्यारी के सहस्रधारा क्षेत्र के भ्रमण पर आने के कार्यक्रम से लोगों को इस पुरातन मांग को पंख लगने की आशा है।