स्कूल में बच्चों से प्रश्न पूछतीं डीएम।
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गरुड़(बागेश्वर)। जिलाधिकारी रंजना राजगुरु ने गरुड़ के सुदूरवर्ती सिलंगतोली में स्थित प्राथमिक विद्यालय का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने स्कूल में तैनात एकमात्र शिक्षिका को बगैर प्रतिस्थानी दूसरे स्कूल के लिए कार्यमुक्त करने पर सीईओ को बीईओ का वेतन रोकने के निर्देश दिए।
डीएम रंजना राजगुरु बृहस्पतिवार सुबह प्राथमिक विद्यालय सिलंगतोली पहुंची। स्कूल के निरीक्षण के दौरान उन्हें विद्यालय में केवल शिक्षा मित्र मिला। विद्यालय में कार्यरत अध्यापिका सविता देवी का एक माह पूर्व बिना किसी प्रतिस्थानी के प्राथमिक विद्यालय पचना स्थानांतरण करने पर डीएम ने नाराजगी जताई। उन्हाेंने मौके पर ही मुख्य शिक्षाधिकारी को बीईओ का वेतन रोकने के निर्देश दिए।
इस दौरान उन्होंने यह भी पाया कि बीईओ स्कूलों का नियमित निरीक्षण नहीं कर रहे हैं। निरीक्षण के दौरान सीडीओ एसएसएस पांगती, डीडीओ केएन तिवारी, जिला पूर्ति अधिकारी अरुण कुमार वर्मा, बीडीओ बीसी पंत, नायब तहसीलदार, भूपाल सिंह मटियानी आदि थे।
सही जवाब नहीं दे पाए बच्चे
गरुड़। प्राथमिक विद्यालय सिलंगतोली के निरीक्षण के दौरान डीएम रंजना राजगुरु ने बच्चों से प्रश्न किए। इस पर कई बच्चे जिलाधिकारी के सवालों के सही जवाब नहीं दे पाए। डीएम ने कहा कि बच्चों के विकास में अध्यापकों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। उन्होंने शिक्षा मित्र से बच्चों का समय समय पर स्वास्थ्य परीक्षण कराने को कहा। इसके अलावा उन्होंने मध्याह्न भोजन का परीक्षण किया, जो ठीक पाया गया। आंगनबाड़ी केंद्र के निरीक्षण के दौरान उन्होंने बच्चों को प्राइमरी विद्यालय में ही बैठाकर पठन-पाठन करने के निर्देश दिए।