दोनों नदियों में सालों से स्वीकृत पुल नहीं बने
अल्मोड़ा में सुयाल नदी में उद्यूड़ा और विनोद नदी में कैहड़गांव के पास पुल स्वीकृत हैं। हैरानी है कि सालों बाद भी पुल का अता-पता नहीं है और विद्यार्थियों के साथ ही स्थानीय लोग हर रोज खतरा उठाते हुए तैरते हुए या पानी के बीच पैदल आवाजाही कर इन नदियों को पार कर रहे हैं।
दोनों नदियों में बह चुके हैं लोग
अल्मोड़ा में बीते साल सुयाल नदी को पार करते समय नगरखान की एक छात्रा बह गई थी। संयोग से आसपास के लोगों ने उसे 60 मीटर नीचे बचा लिया। वहीं स्याल्दे मुख्य बाजार का एक व्यापारी अपने घर कैहड़गांव लौटते समय विनोद नदी में बहने से काल के गाल में समा गया।
बारिश अधिक होगी तो मत आना स्कूल
शिक्षा विभाग तो विद्यार्थियों की परेशानी को बखूबी समझ रहा है लेकिन वह भी सिस्टम से लाचार है। विद्यालयों के प्रधानाचार्यों ने दोनों गांवों के विद्यार्थियों और अभिभावकों से साफ तौर पर अधिक बारिश होने पर स्कूल न आने को कहा है। विभाग इसके अलावा और कुछ कर भी नहीं सकता है।
नगरखान के विद्यार्थियों को हर रोज सुयाल नदी पार कर स्कूल पहुंचना पड़ता है। मानसून काल में विद्यार्थियों की सुरक्षा को देखते हुए बारिश में उनसे विद्यालय न आने को कहा गया है। पढ़ाई के साथ उनकी सुरक्षा भी जरूरी है।
-डॉ. कैलाश डोलिया, प्रधानाचार्य, जीआईसी नगरखान।