फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कांग्रेस हुई हमलावर: पूर्व सीएम हरीश रावत बोले- प्रमोद नैनवाल के भाई को बचाने को देहरादून से दिल्ली तक बैचेनी

Sat, 07 Sep 2024 07:34 PM IST
हीरा मेहरा अमर उजाला नेटवर्क, अल्मोड़ा

सार

रानीखेत के विधायक डॉ. प्रमोद नैनवाल के भाई सतीश और उनके ड्राइवर दिनेश चंद्र को बनबसा में एसएसबी ने 7.65 एमएम के 40 कारतूसों के साथ गिरफ्तार किया था। सतीश नैलवाल के पास भारत-नेपाल सीमा पर कारतूस मिलने के बाद अब प्रदेश की सियासत गरमा गई है। 
विज्ञापन
 पूर्व सीएम हरीश रावत - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

रानीखेत के विधायक डॉ. प्रमोद नैनवाल के भाई सतीश नैलवाल के पास भारत-नेपाल सीमा पर कारतूस मिलने के बाद अब प्रदेश की सियासत गरमा गई है। इस मामले को लेकर जहां कांग्रेस पार्टी के आला नेता भाजपा पर हमलावर हो गए हैं। वहीं, रानीखेत के विधायक और उनके भाई पूरी तरह बचाव की मुद्रा में आ गए हैं।

रानीखेत के विधायक डॉ. प्रमोद नैनवाल के भाई सतीश और उनके ड्राइवर दिनेश चंद्र को बनबसा में एसएसबी ने 7.65 एमएम के 40 कारतूसों के साथ गिरफ्तार किया था। इसके बाद एसएसबी ने यह मामला बनबसा पुलिस के सुपुर्द किया था। जहां से पुलिस ने नोटिस देकर आरोपियों को छोड़ दिया और लाइसेंस दिखाने की मोहलत दी थी। इस मामले के सामने आने के बाद अब कांग्रेस पार्टी हमलावर हो गई है।

पूर्व सीएम हरीश रावत ने कहा कि सत्ताधारी दल के रसूखदार लोग सीमा का प्रयोग तस्करी के लिए कर रहे हैं। पूर्व में नेपाल भी इस तरह के इशारे कर चुका है। रावत ने कहा कि चिंता का विषय यह नहीं कि विधायक के भाई को पकड़ा गया। बल्कि चिंता का विषय यह है कि इस मामले के सामने आने के बाद आरोपी को बचाने के लिए भाजपा में देहरादून से दिल्ली तक बेचैनी है।

पुलिस और प्रशासन रानीखेत के विधायक के भाई और उनके ड्राइवर को बचाने का प्रयास कर रहा है। कोई व्यक्ति हथियार या कारतूस लेकर इंटरनेशनल सीमा से एक देश से दूसरे देश में जा सकते हैं, इस प्रश्न का जवाब दिया जाना चाहिए। विधायक के भाई के पकड़े जाने के बाद अब सरकार के दबाव में उन्हें लाइसेंस व अन्य दस्तावेज दिखाने का समय दिया गया है। ऐसे तो कोई भी कारतूस अथवा हथियार लेकर एक से दूसरे देश चला जाएगा और सीमा पर पकड़े जाने के बाद भी लाइसेंस दिखाने की बात कहकर छूट जाएगा। लाइसेंसी हथियार को तो दो-तीन राज्यों तक ही ले जाने की अनुमति मिलती है लेकिन विधायक के भाई को कारतूस लेकर सीमा लांघ कर दूसरे देश में जाने की फिराक में थे। जो समझ से परे है।

विज्ञापन

 - करन माहरा, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष।

नेता प्रतिपक्ष ने ट्वीट कर जताई चिंता
नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने भी विधायक नैनवाल के भाई के पास कारतूस मिलने के मामले में सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर ट्वीट कर पूरे मामले में सरकार को घेरने का प्रयास किया है। आर्य ने कहा है कि प्रदेश में रक्षक ही भक्षक बन गए हैं। विधायक के भाई और उनके ड्राइवर का कारतूसों के साथ पकड़ा जाना काफी चिंताजनक है। अब देखना होगा कि सरकार क्या कार्रवाई करती है।

कोट-मेरा भाई ए क्लास का कांट्रेक्टर है। मजदूरों को लाने के लिए वह इधर-उधर जाते रहते हैं। भूलवश उनके बैग में उनके लाइसेंसी पिस्टल की गोलियां रह गई। फिर भी कोई शंका है तो पुलिस मामले की जांच कर रही है।
- डॉ. प्रमोद नैनवाल, विधायक रानीखेत

कोट-कुछ लोग मुझे जानबूझकर फंसाने का प्रयास कर रहे हैं। मैं मजदूरों को लेने गया था। जल्दीबाजी में मैं अपने बैग से अपनी लाइसेंसी पिस्टल की गोलियां निकालना भूल गया। लाइसेंस और कारतूस से संबंधित दस्तावेज पुलिस के सामने पेश किए जाएंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

-सतीश नैलवाल, विधायक के भाई।

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें