अल्मोड़ा। महिला अस्पताल के आपरेशन थियेटर (ओटी) में फैले संक्रमण ने गर्भवतियों की दिक्कत बढ़ा दी है। संक्रमण की वजह से नौ दिन बाद भी ओटी के ताले नहीं खुल सके हैं और गर्भवतियां सिजेरियन ऑपरेशन के लिए बेस या निजी अस्पतालों की दौड़ लगाने के लिए मजबूर हैं। संक्रमण का कारण खोजने के लिए भेजे गए सैंपल की रिपोर्ट अब तक नहीं मिली है।
कुछ दिन पूर्व महिला अस्पताल की ओटी में जच्चा-बच्चा की सुरक्षा को देखते हुए कल्चर जांच के लिए सैंपल भेजे गए थे, इसकी रिपोर्ट पॉजीटिव आई। रिपोर्ट के अनुसार ओटी में किसी अज्ञात वायरस के चलते संक्रमण फैलने की आशंका जताई गई और ओटी का संचालन रोकना पड़ा। सेनिटाइजेशन के बाद फिर से ओटी के संक्रमण मुक्त होने का पता लगाने के लिए सैंपल भेजे गए और बीते 30 अक्तूबर को इसमें ताले लगा दिए गए, जो अब तक नहीं खुल सके हैं। अस्पताल प्रबंधन रिपोर्ट आने का इंतजार कर रहा है और प्रसव वेदना से जूझती अस्पताल पहुंची सिजेरियन ऑपरेशन की जरूरत वालीं गर्भवतियों को इसके लिए निजी या सात किमी दूर बेस अस्पताल की दौड़ लगानी पड़ रही है। सप्ताह में यहां औसतन तीन से चार सिजेरियन ऑपरेशन होते हैं। ओटी का संचालन ठप होने से गर्भवतियों के साथ ही परिजनों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। संवाद
कब मिलेगी रिपोर्ट, नहीं है पता
अल्मोड़ा। महिला अस्पताल में ओटी में संक्रमण का पता लगाने के लिए भेजे गए सैंपल की रिपोर्ट को स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ ही गर्भवतियों को भी बेसब्री से इंतजार है। रिपोर्ट कब मिलेगी, इसका पता खुद स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को भी नहीं है। जल्द रिपोर्ट नहीं आई और ओटी का संचालन नहीं हुआ तो गर्भवतियों की दिक्कत और बढ़ेगी।