अल्मोड़ा। शीतलाखेत क्षेत्र के तल्ला तिखून और कंडारखुवा पट्टी के गांवों में शराब की अवैध बिक्री के खिलाफ ग्रामीणों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। क्षेत्र के एक दर्जन गांवों को लोगों ने रविवार को एकता संगठन के आह्वान पर दोपहर बाद शीतलाखेत से काकड़ीघाट तक जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि यदि गांवों में अवैध शराब की बिक्री बंद नहीं की गई तो तस्कर परिणाम भुगतने के लिए तैयार रहे। इसकी जिम्मेदारी अवैध शराब बेचने वालों की होगी।
दोपहर बाद तल्ला तिखून और कंडारखुवा पट्टी के नौला, सल्ला, बडगलरौतेला, स्याहीदेवी, चंपाखाली, मटीला, सूरी, गड़स्यारी, डोल, खरकिया, डोलपोखरा, सड़का गांव के ग्रामीण और महिलाएं शीतलाखेत में एकत्र हुईं। यहां से जुलूस के रूप में नारेबाजी करते हुए मार्ग में पड़ने वाले गांवों में रुक-रुककर प्रदर्शन किया। इन गांवों के लोगों और महिलाएं भी जुलूस में शामिल हुए। जुलूस में शामिल ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि क्षेत्र के स्याहीदेवी, चंपाखाली, कठपुड़िया, सुकियाथल, ज्योली, कुज्याड़ी, ढैली, बसगांव में कई लोग अवैध शराब अवैध शराब का धंधा कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि गांवों में अवैध शराब की बिक्री होने से कई परिवार बरबाद हो रहे हैं। युवा वर्ग भी नशे की चपेट में आ रहा है। घरों और गांवों में अशांति का माहौल रहता है। उसको लेकर आबकारी विभाग और प्रशासन को कई बार अवगत करा दिया गया है लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। इस कारण ग्रामीणों और महिलाओं को सड़क पर उतरना पड़ रहा है। कहा कि चेतावनी रैली निकालकर शराब तस्करों को चेताया जा रहा है। अगर कोई व्यक्ति शराब बेचते पकड़ा गया तो क्षेत्र में उसके पोस्टर चस्पा किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि संगठन अवैध शराब बेचने वालों के मुंह पर कालिख पोतने से भी पीछे नहीं हटेगा। ग्रामीणों का जुलूस शीतलाखेत से 21 दूर काकड़ीघाट पहुंचकर समाप्त हुआ।
कई स्थानों पर बंद हुई अवैध शराब की बिक्री बंद
अल्मोड़ा। ग्रामीणों ने गत 27 जुलाई को दूसरे मार्ग पर शीतलाखेत से कठपुड़िया तक जुलूस निकाला था। संगठन के पदाधिकारियों का कहना है कि उस प्रदर्शन के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। कई स्थानों पर अवैध शराब की बिक्री बंद हुई है। हालांकि, अभी भी कुछ स्थानों पर तस्कर गुपचुप तरीके से शराब बिकने की सूचना मिल रही है। ऐसे लोग भी शराब बेचना बंद कर दें, अन्यथा परिणाम भुगतने को तैयार रहें।
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प्रदर्शन में ये लोग हुए शामिल
एकता संगठन के अध्यक्ष मुकेश रौतेला, उपाध्यक्ष राजेंद्र सिंह बिष्ट, कोषाध्यक्ष कमलेश सिंह, उपसचिव महेंद्र बिष्ट, चंद्रशेखर, महिला संगठन की अध्यक्ष मीना बोनाल, उपाध्यक्ष सुधा जीना, सचिव सोनिया बिष्ट, नीमा बिष्ट, मंजू रौतेला, जया गोस्वामी, सरस्वती देवी, मीना आर्या, अमृता देवी, बबीता परिहार, ललिता कांडपाल, रेनू परिहार, बीना कनवाल, पार्वती देवी, इंदू देवी, अनीता, गीता आदि।
रिखाड़ी की प्रधान और महिला मंगल दल ने छेड़ा नशे के खिलाफ अभियान
बागेश्वर। कपकोट के रिखाड़ी ग्राम पंचायत की प्रधान और महिला मंगल दल की सदस्यों ने ग्राम पंचायत को नशामुक्त करने के लिए अभियान छेड़ दिया है। महिला प्रधान और महिला मंगल दल के अभियान को पैरा लीगल वॉलिंटियर का साथ मिला है।
रिखाड़ी की ग्राम प्रधान तारा टाकुली के नेतृत्व में ग्राम पंचायत की महिलाओं ने ग्राम पंचायत में नशे के विरोध में रैली निकाली। ग्राम पंचायत में रैली निकालने के बाद हुई बैठक में ग्राम प्रधान टाकुली ने कहा कि नशे से युवा पीढ़ी बर्बाद हो रही है। नशे से युवा पीढ़ी को दूर रखने के लिए अभिभावकों को तो जागरूक होना ही होगा, युवाओं को भी अपने भविष्य की चिंता करनी होगी।
विधिक सेवा प्राधिकरण के पैरालीगल वॉलिंटियर चंचल राम ने नशे से होने वाली बर्बादी की जानकारी युवाओं को दी। कहा कि नशे के कारण युवाओं की शारीरिक क्षमता प्रभावित हो रही है। उनका जीवन बर्बाद हो रहा है। बैठक में महिलाओं ने संकल्प लिया कि ग्राम पंचायत में शराब पीकर हुड़दंग मचाने वाले लोगों को सबक सिखाया जाएगा। रैली में महिला मंगल दल की दुर्गा देवी, सपना, अनीता, रुकमणि देवी, देवकी देवी, चंपा देवी के साथ ही कई युवा शामिल थे।