स्याल्दे (अल्मोड़ा)। स्याल्दे ब्लॉक के राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय गिवाईपानी में बच्चों का भविष्य अधर में लटका है।
यह स्कूल विभागीय अनदेखी का नमूना बना है। यहां सिर्फ 12 बच्चे अध्ययनरत हैं और इनकी पढ़ाई एकमात्र व्यवस्था वाले शिक्षक के भरोसे है। इससे खफा अभिभावकों ने आंदोलन की धमकी दी है।
विकासखंड के दूरस्थ राजकीय उच्च प्राथमिक स्कूल गिवाईपानी में एक भी स्थायी शिक्षक तैनात नहीं है। स्कूल संचालन के लिए एक शिक्षक की व्यवस्था की गई है।
यहां छात्र संख्या 12 है। अपने पाल्यों के भविष्य को लेकर चिंतित अभिभावकों ने एक बैठक कर विद्यालय में नियमित शिक्षकों की तैनाती करने की मांग उठाई है।
शनिवार को एसएमसी अध्यक्ष सुनील दत्त की अध्यक्षता में हुई बैठक में अभिभावकों ने तय किया कि यदि शीघ्र ही शिक्षकों की नियुक्ति नहीं की गई, तो वे तहसील परिसर में उग्र आंदोलन करेंगे। इस मांग का ज्ञापन बीईओ स्याल्दे को भेजा। बैठक में उत्तराखंड जनकल्याण समिति के अध्यक्ष सुनील टम्टा, राजेंद्र प्रसाद, सतेंद्र सिंह, कलपेश्वरी देवी, उमेद भंडारी, पाती राम, श्याम सिंह, अनिता देवी आदि कई ग्रामीण मौजूद रहे।