द्वाराहाट (अल्मोड़ा)। ट्रस्ट को समाप्त कर दूनागिरि मंदिर की व्यवस्थाएं पूर्व की भांति समिति को सौंपने की मांग को लेकर सर्वदलीय संघर्ष समिति का आंदोलन उग्र होने लगा है। मामले में प्रशासन की भूमिका पर सवाल उठाते हुए आंदोलनकारियों ने जुलूस निकाल कर तहसीलदार को दो घंटे तक बंधक बना लिया, बाद में तहसीलदार के माध्यम से ही राज्यपाल को ज्ञापन भेजकर आंदोलन को और उग्र करने की चेतावनी दी। दूसरी तरफ क्रमिक अनशन भी चलता रहा।
पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आंदोलनकारियों ने हाथों में पट्टिकाएं बांधकर शीतलापुष्कर मैदान से तहसील तक जुलूस निकाला। इस दौरान मामले में प्रशासन की भूमिका को कठघरे में खड़ा किया गया, कहा कि राजनीतिक दबाव के चलते प्रशासन मूकदर्शक बना हुआ है, पिछले 16 दिनों से आंदोलन चल रहा है, लेकिन इसकी सुध नहीं ली गई। नारेबाजी करते हुए आंदोलनकारियों ने तहसील का मुख्य गेट बंद कर दिया। इस दौरान धरना प्रदर्शन चलता रहा।
तहसीलदार को दो घंटे तक बंधक बनाए रखा। मंदिर की व्यवस्थाएं पूर्व की भांति समिति को सौंपकर डीएम को प्रशासक नियुक्त करने की मांग उठाई गई। चेतावनी दी कि यदि शीघ्र मांगें पूरी नहीं हुई तो आंदोलन को उग्र कर दिया जाएगा।
सभा को पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष कंचन शाह, महिला एकता परिषद सचिव मधुबाला कांडपाल, संघर्ष समिति के अध्यक्ष विनोद भट्ट, डॉ. डीपी चौधरी, भाजपा चौखुटिया मंडल अध्यक्ष विंदेश्वरी पांडे, प्रकाश अधिकारी, जगदीश रौतेला, उमेश भट्ट आदि ने संबोधित किया। तहसीलदार आरएस नेगी के माध्यम से राज्यपाल को ज्ञापन भी भेजा।
क्रमिक अनशन पर जगदीश लाल शाह और हीरा सिंह बैठे। कार्यक्रम में समिति के पूर्व सचिव चंद्रशेखर भट्ट, मनोज अधिकारी, हरिओम कांडपाल, जीवन रौतेला, लक्ष्मी लाल शाह, चनुली देवी, शोभा शाह, उषा शाह, अनीता चौधरी, निर्मला चौधरी आदि थे।