द्वाराहाट का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र। संवाद
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द्वाराहाट (अल्मोड़ा)। जिले की सबसे बड़ी तहसील के रूप में शुमार द्वाराहाट की स्वास्थ्य सेवाएं पूरी तरह से पटरी से उतरी हुई हैं। विशेषज्ञ डाक्टरों के अभाव में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रेफरल सेंटर बना हुआ है। यहां लगभग एक लाख की आबादी और कई उच्च शैक्षणिक संस्थान हैं। वर्षों से अल्ट्रासाउंड मशीन तो है लेकिन स्थायी रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती नहीं है। बाल रोग, महिला रोग, हड्डी रोग, रेडियालॉजिस्ट सहित तमाम विशेषज्ञ डाक्टरों के पद भी रिक्त हैं।
द्वाराहाट तहसील के अंदर जालली और बग्वालीपोखर उपतहसील की एक लाख की आबादी निवास करती है। सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर निर्भर हैं, कुमाऊं इंजीनियरिंग कालेज, पॉलीटेक्निक सहित तमाम उच्च शैक्षणिक संस्थान भी यहां है। विशेषज्ञ डाक्टरों के अभाव में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मात्र रेफरल सेंटर बना है। राज्य बनने से पूर्व यहां बालरोग, हड्डीरोग आदि के विशेषज्ञ चिकित्सक हुआ करते थे। समय समय पर विशेषज्ञ चिकित्सकों का यहां से स्थानांतरण होने के बाद यहां कोई भी विशेषज्ञ चिकित्सक नहीं भेजे गए। सबसे अधिक परेशानी महिलाओं को होती है। अल्ट्रासाउंड के लिए स्थायी रेडियोलाजिस्ट भी नहीं है। इसके लिए भी कभी अल्मोड़ा अथवा रानीखेत से महीने में एक या दो दिन रेडियोलाजिस्ट आकर सेवाएं दे रहे हैं। स्थानीय लोगों ने अस्पताल की दशा सुधारने की मांग की है। इधर प्रभारी चिकित्साधिकारी डा. रवि शंकर ने बताया कि विशेषज्ञ डाक्टर नहीं होने के कारण परेशानी होती है। इसके लिए विभाग को कई बार पत्राचार किया गया।
-द्वाराहाट क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने का प्रयास होगा। अगले छह माह में इस क्षेत्र में परिवर्तन देखने को मिलेगा। मैंने अपने पिछले कार्यकाल में भी स्वास्थ्य के क्षेत्र में तमाम कार्य किए थे। अब फिर से स्वास्थ्य सेवाओं को सुधारने के प्रयास होंगे।-मदन बिष्ट, विधायक द्वाराहाट।