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जुकानी गधेरे से हटेगा मलबा

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चौखुटिया के खीड़ा में वार्ता के दौरान मौजूद ग्रामीण व राजधानी बनाओ संघर्ष समिति के पदाधिकारी आद? - फोटो : ALMORA
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चौखुटिया (अल्मोड़ा)। खीड़ा के बिमोली नदी में रिवर ट्रेनिंग के तहत हो रहे खनन को लेकर हुई बैठक में तय किया गया कि संबंधित ठेकेदार दो दिन तक जुकानी गधेरे में आपदा के दौरान से पड़े मलबे को हटाएंगे। इस दौरान नदी से पत्थर आदि नही उठाने दिए जाएंगे। तय हुआ है कि मंगलवार को ग्रामीणों की वृहद बैठक होगी। इसमें सर्वसम्मति से आगे की रणनीति तय की जाएगी।
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बैठक में थानाध्यक्ष रमेश सिंह बोहरा, खीमचंद्र, खष्टी देवी, कमुली, तुलसी, बसंती, खीमुली देवी, राधा, खीम चंद्र, त्रिलोक सिंह, धनसिंह, बचेसिंह, गोविंद सिंह, रमेश सिंह, शोबन सिंह, हरीश सिंह, हरसिंह, भगवत सिंह, गोपाल सिंह आदि थे। इस मौके पर ठेकेदार ने लोगों को रिवर ट्रेनिंग के लिए अनुबंधित ठेके के कागज भी दिखाए। ग्रामीणों ने बताया कि तहसीलदार सतीश बर्थवाल भी खीड़ा पहुंचे थे।
राजधानी संघर्ष समिति बोली, प्रशासन की भूमिका की जांच हो
चौखुटिया (अल्मोड़ा)। खीड़ा में बिमोली नदी में रिवर ट्रेनिंग के तहत हो रहे खनन के विरोध में ग्रामीणों के आंदोलन में राजधानी बनाओ संघर्ष समिति के पदाधिकारी भी कूद पड़े हैं।
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संघर्ष समिति के अध्यक्ष नारायण बिष्ट, उपपा के केंद्रीय अध्यक्ष पीसी तिवारी और पूर्व विधायक पुष्पेश त्रिपाठी के नेतृत्व में खीड़ा पहुंचे लोगों का कहना था कि दो माह से लोगों के घरों के बाहर पड़े मलबे को हटाने के बजाए नदी खोदकर लोगों को परेशान करने की क्या जरूरत थी।
पीसी तिवारी ने कहा कि अभियान में प्रशासनिक मशीनरी का शामिल होना जांच का विषय है पुष्पेश त्रिपाठी ने कहा कि लोगों को डराना, धमकाना बर्दाश्त नही किया जाएगा। वहां पर प्रीति गोस्वामी, गोपाल सिंह और किरन आदि थे।
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