द्वाराहाट (अल्मोड़ा)। विकासखंड की सबसे बड़ी ग्राम पंचायत ईड़ा में शुक्रवार को चौथे दिन भी पानी के लिए आमरण अनशन किया गया। बृहस्पतिवार शाम दो अनशनकारियों को उठाने के बाद चार और लोग अनशन पर बैठे हैं। शासन प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई। अनशन के समर्थन में कई ग्रामीण वहां पहुंचे।
ईड़ा ग्राम पंचायत तहसील की सबसे बड़ी ग्राम पंचायत है। यहां पानी की समस्या लंबे समय से है। पिछले ढाई महीने से एक बूंद भी पानी की नहीं टपकी है। विभाग और प्रशासन के झूठे आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने पूर्व में आंदोलन स्थगित कर दिया था, लेकिन 15 दिन बाद भी मांगों पर सार्थक कार्रवाई नहीं हुई, जिससे गुस्साए ग्रामीणों ने आमरण अनशन शुरू कर दिया। बृहस्पतिवार को पहले चरण में बैठे आमरण अनशनकारियों पुष्कर सिंह और राजेंद्र सिंह का स्वास्थ्य गिरने लगा था। चिकित्सकों की सलाह पर राजस्व टीम ने उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र द्वाराहाट में भर्ती करा दिया। इसलिए अनशन के दूसरे चरण में बिपिन आर्या, भूपाल बिष्ट, उमेश बिष्ट, लीलाराम चार लोग दो दिन से आमरण अनशन कर रहे हैं। प्रशासन और क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों के न पहुंचने पर ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। ग्रामीणों का कहना है कि वर्षों पुरानी पेयजल योजना के पाइपलाइनों का पुनर्गठन नहीं किया गया है। इस कारण आए दिन लाइनें क्षतिग्रस्त हो रही हैं, लेकिन विभाग सुध नहीं ले रहा है। समर्थन देने के लिए वहां मनोज रावत, महेंद्र सिंह रावत, उमेश बिष्ट, भूपाल सिंह, विपिन चंद्र, हेमंत सिंह आदि रहे।