वरुण ने अपनी नई सियासी पारी का बिगुल फूंक दिया है।
राष्ट्रीय स्वाभिमान रैली में भाजपा के के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन गडकरी ने वरुण गांधी की सुल्तानपुर की उम्मीदवारी की परोक्ष रूप से पुष्टि की।
गडकरी ने सुल्तानपुर वासियों को उनके परिवार का अंग बताते हुए कहा कि वरुण यहां के लोगों की तकदीर बदलना चाहते हैं।
इसके पूर्व राष्ट्रीय महासचिव और सांसद वरुण ने रैली को संबोधित करते हुए सुल्तानपुर को अपना घर बताया।
वरुण ने अपने पिता से जिले के रिश्ते को जोड़ते हुए स्वयं जिलेवासियों की सेवा करने की इच्छा जताई। उन्होंने कहा कि टिकट का निर्णय तो पार्टी नेतृत्व पर है।
सीमाएं असुरक्षित
गडकरी ने कहा कि पार्टी व प्रधानमंत्री की परवाह किए बिना व्यवस्था को बदलना होगा। तभी देश का विकास संभव है।
सरकार की आर्थिक नीतियों व भ्रष्टाचार से देश की विकास गति घटकर चार फीसदी रह गई है। इसके लिए उन्होंने कांग्रेस के साथ ही सपा और बसपा को भी जिम्मेदार ठहराया।
शहर के खुर्शीद क्लब के खचाखच भरे मैदान में गुरुवार को पार्टी की स्वाभिमान रैली को संबोधित करते हुए उन्होंने कांग्रेस, बसपा व सपा पर जमकर प्रहार किए।
गडकरी ने कहा कि देश की सीमाएं असुरक्षित हैं। असम में बांग्लादेशियों ने घुसपैठ कर ली है। पाकिस्तान देश में आतंकवादियों को भेज रहा है। देश के सत्तासीन शहीद के घर दिल्ली न जाकर अलीगढ़ आतंकियों के घर सांत्वना देने जा रहे हैं।
केंद्र सरकार पर कामनवेल्थ, टूजी स्पेक्ट्रम, थ्री जी स्पेक्ट्रम, हेलीकॉप्टर समेत कई घोटालों का आरोप मढ़ते हुए उन्होंने कहा कि बाहर विरोध करने का नाटक करने वाले मुलायम सिंह यादव व मायावती ने सरकार को बचा रखा है।
सत्यानाश
यूपीए ने देश का और सपा एवं बसपा ने प्रदेश का सत्यानाश कर दिया है। पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष ने केंद्र पर गलत आर्थिक नीति बनाने का आरोप लगाते हुए कहा कि डालर की तुलना में रुपये की कीमत घट गई है। 12 की उम्मीद की तुलना में देश की विकास गति चार फीसदी पहुंच गई है।
सोनिया गांधी से लोग नई रोशनी की उम्मीद लगाए थे, लेकिन जो थी वह भी चली गई। अटल बिहारी बाजपेयी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार की प्रशंसा करते हुए गडकरी ने कहा कि लोगों को यह सोचना होगा कि देश को खुशहाली और विकास की ओर कौन ले जाएगा।
मध्यप्रदेश व छत्तीसगढ़ की भाजपा सरकारों की उन्होंने सराहना की। कहा कि चुनाव आते ही जातिवादी दल विभिन्न कार्यक्रमों के जरिए लोगों को सांप्रदायिकता की ओर ले जाते हैं। गरीबी व बेरोजगारी दूर हो। खेतों में पानी पहुंचे, हर हाथ को काम मिले यह भाजपा की मंशा है।