सुबह नौ से शाम चार बजे तक चले उमर उजाला फाउंडेशन के शिविर में कुछ लोग पहली बार रक्त देने पहुंचे तो कुछ ऐसे भी रहे जिनके लिए यह दूसरा-तीसरा तो किसी के लिए 55वां मौका था। दूसरों की जान बचाने के संकल्प के साथ रक्तदान के लिए आए लोगों में अग्रसेन कन्या पीजी कॉलेज की गृह विज्ञान विभाग की छात्राओं ने भी बढ़-चढ़कर रक्तदान किया।
आईएमए सचिव डॉ. आरएन सिंह ने रक्तदाताओं को उत्साह बढ़ाया और उन्हें महादान की महत्ता बताई। कहा कि समय से खून न मिलने की वजह से जरूरतमंदों की जिंदगी खतरे में पड़ जाती है। कई बार लोगों की जान भी चली जाती है। ऐसे में स्वैच्छिक रक्तदान करने वालों का प्रयास काम आता है। वाराणसी कुश्ती संघ, विकास एवं शिक्षण समिति, श्री अग्रसेन युवा मंच, व्यापारी संगठन व अन्य ने अपनी मौजूदगी दर्ज कराई। वहीं, रक्तदान करने वाले महादानियों को अमर उजाला की ओर से प्रमाणपत्र वितरित किया गया।
विश्व रक्तदाता दिवस पर अग्रसेन कन्या पीजी कॉलेज की छात्राओं ने भी जोश के साथ हिस्सा लिया। छात्रा अदिति सिंह, रोशनी, वंदना पटेल, अपराजिता दुबे, वंशिका श्रीवास्तव, सोनी चौहान ने पहली बार रक्तदान किया। इस दौरान महाविद्यालय की प्रबंधक डॉ. मधु अग्रवाल, प्राचार्य प्रो. मिथिलेश सिंह, डॉ. नीलू गर्ग, डॉ. ओपी चौधरी ने छात्राओं की हौसला बढ़ाया।
रक्तवीरों का हुआ सम्मान
विश्व रक्तदाता दिवस पर रक्त केंद्र, बीएचयू, रक्त संचरण परिषद व राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के संयुक्त तत्वावधान में रक्तदाता सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कामधेनु सभागार में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि बीएचयू प्रो. वीके शुक्ला ने रक्तवीरों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। इस अवसर पर डेयरी टेकभनोलॉजी के विभागाध्यक्ष प्रो. डीसी राय, डॉ. बाला लखेंद्र, प्रो. संदीप कुमार, बीएचयू के सीएमओ डॉ. एसके सिंह, आशुतोष सिंह, रजनी गुप्ता आदि मौजूद रहे।