आठवें इमाम अली रजा की शहादत पर गम मनाने के लिए मजलिस का आयोजन सोमवार को होगा। इस दौरान अंगूरों वाला ताबूत उठाया जाएगा। इसे अंगूरों वाला ताबूत इसलिए कहते हैं कि इमाम रजा को धोखे से अंगूर में जहर मिलाकर खिलाया गया था और उनकी शहादत हो गई थी। यह जानकारी डॉ. नुजहत फातमा और नौशीन फातमा ने दी।
उन्होंने बताया कि सोमवार को मजलिस का आगाज एक बजे दिन में माहे तलत और कनीज फातमा की तिलावत से होगा। बालिका अनाया फातमा मजलिस का आगाज करेंगी। इसके बाद सोजख्वानी और मर्सिया तजीन फातमा और मेहरीन फातमा करेंगी। मजलिस को खिताब करने के लिए मोहतरमा तंजीम आब्दी, रौनक अफरोज होंगी। मजलिस के समापन पर हाय इमाम रजा... की सदाओं के साथ अंगूरों वाला ताबूत उठाया जाएगा। भारत रत्न उस्ताद बिस्मिल्ला खां की बड़ी बेटी जरीना फातमा अपने सहयोगियों के साथ नौहा पढ़ेंगी। वह पिछले 42 सालों से लगातार नौहा पढ़ रही हैं। नौहाख्वानी करने के लिए अंजुमन अंसारे हुसैनी अवामी बड़ी बाजार दोषीपुरा को आमंत्रित किया गया है। संयोजिकाओं ने खवातीन से गुजारिश की है वक्त की पाबंदी का ख्याल रखें।