इस दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में आग लगने से छोटेलाल की पत्नी मीना देवी(45) झुलसने लगी। उसे बचाने में पुत्र अंकित(15) भी झुलस गया था। किसी तरह आग बुझा कर दोनों को सीएचसी ले गए थे, हालत गंभीर होने पर दोनों को वाराणसी ट्रामा सेंटर रेफर कर दिया था। घटना से नाराज लोगों ने कछवां-चुनार राजमार्ग पर पत्थर रखकर जाम लगा दिया था।
सूचना पर अदलपुरा चौकी प्रभारी संजय यादव, कोतवाल राजीव सिंह, एसडीएम चुनार सुरेंद्र बहादुर और सीओ चुनार सुशील कुमार यादव पहुंच गए थे। उन्होंने 45 मिनट बाद जाम समाप्त कराया गया। इसके बाद डीएम सुशील कुमार पटेल, एसपी डॉ. धर्मवीर सिंह, एएसपी सिटी संजय कुमार पहुंचे। एसपी ने महिला की पुत्री से बात कर मामले की छानबीन की।
पुत्री का आरोप, फेंका तेजाब, दिखाई पिस्टल
जमीन कब्जे के दौरान आग लगने से झुलसी मीना देवी की पुत्री चंदा ने बताया कि सब्जी की दुकान पर उसके माता-पिता और भाई थे। इस दौरान 40 लोग पहुंचे और जमीन पर कब्जे के लिए खोदाई करने लगे। मां ने कहा कि पैमाइश हो गई है। इसमें जो हिस्सा आएगा, वो ले लीजिएगा, पर विपक्षियों ने मां और भाई पर तेजाब फेंक दिया। फिर विपक्षियों ने आग लगा दी। पापा बचाने गए तो उनको पिस्टल दिखाई।
एसपी डॉ. धर्मवीर सिंह ने बताया कि छोटेलाल और जयकृष्ण में जमीन विवाद है। 25 दिन पहले भूमि की पैमाइश होने के बाद दोनों पक्ष सहमत नहीं थे। सुबह जयकृष्ण सफाई करते हुए नींव खोदने लगा। इस पर दोनों पक्षों में विवाद हुआ। इस दौरान छोटेलाल की पत्नी मीना ने आग लगा ली। मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।