केंद्रीय वस्त्र मंत्री स्मृति ईरानी ने घोषणा की है कि बुनकरों की गणना अलग से कराई जाएगी। उनका कहना है कि देश के हरेक नागरिक की जानकारी प्राप्त करना हमारे लिए बहुत जरूरी है। बुनकरों की अलग से गणना कराकर प्रधानमंत्री जन-धन योजना, सुरक्षा बीमा योजना और मुद्रा योजना सहित अन्य कल्याणकारी योजनाओं का लाभ सीधा उन तक पहुंचाया जा सकेगा। स्मृति ईरानी राष्ट्रीय हथकरघा दिवस पर रविवार को बीएचयू के स्वतंत्रता भवन में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रही थीं।
स्मृति ईरानी का फोकस बुनकरों को हाईटेक बनाने के साथ-साथ सरकारी सुविधाओं को सीधे बुनकरों तक पहुंचाने पर रहा। कहा, बुनकरों के लिए पहली बार हेल्पलाइन बनाने का निर्देश दिया गया है ताकि उनकी समस्याओं और जरूरतों को समझा जा सके। बताया कि उन्होंने हथकरघा उत्पाद को पहन कर अपना फोटो भेजने के लिए सोशल साइट के माध्यम से अपील की थी। दो दिन पहले चेक किया तो 10 करोड़ लोगों ने हैंडलूम के सहयोग में अपनी रुचि दिखाई है। बड़े-बडे़ रिटेल चेन के प्रतिनिधियों से भी अपील की गई है कि वे अपने शोरूम में हथकरघा उत्पादों को स्थान दें। इसकी शुरुआत हो चुकी है। रीना ढाका, अंजू मोदी सहित कई प्रमुख फैशन डिजाइनरों से भी अपील की गई है कि बुनकरों की आय बढ़ाने के लिए नई-नई डिजाइन उपलब्ध कराएं।