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गजब हाल है: 14 जून से कानपुर से गंगा में छोड़ा जा रहा पानी, बनारस के अफसरों को पता ही नहीं

Thu, 27 Jun 2024 10:00 AM IST
प्रगति चंद अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

कानपुर बैराज से 14 जून से गंगा में पानी छोड़ा जा रहा है। 14 को छोड़ा गया पानी 25 जून को पहुंचा। जिसके बाद 10 सेमी गंगा का जलस्तर बढ़ा है। वहीं बनारस के अफसरों इसकी जानकारी ही नहीं है।
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वाराणसी गंगा घाट - फोटो : एक्स
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विस्तार
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गंगा के जलस्तर में लगातार गिरावट पर जलकल के अफसरों ने मंगलवार को चिंता जताई थी। कहा था कि अगर इसी तरह जलस्तर गिरता रहा तो शहर में पेयजल संकट खड़ा हो जाएगा। इसे लेकर कानपुर बैराज के अफसरों को जलकल के अफसरों ने मंगलवार को पत्र लिखकर पानी छोड़ने को कहा था। इस पर जब बैराज अफसरों से बात की गई तो उनका कहना है कि वह 14 जून से लगातार पानी छोड़ रहे हैं। बनारस के अफसरों को इसकी कोई जानकारी नहीं है।

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केंद्रीय जल आयोग के अनुसार बुधवार की सुबह 8 बजे 57.66 मीटर गंगा का जलस्तर रहा। जबकि मंगलवार की सुबह आठ बजे 57.60 मीटर जलस्तर था। इस हिसाब से छह सेमी गंगा के जलस्तर में बढ़ोतरी हुई है। दस मिलीमीटर प्रति घंटे के हिसाब से गंगा के जलस्तर में बढ़ाव हो रहा है। सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता राजेश यादव ने बताया कि कानपुर बैराज से पानी छोड़ने की कोई जानकारी उनके पास नहीं है। जलकल की ओर से वाटर डिमांड सीधे कानपुर भेजी जाती है। मुझे वाटर डिमांड की जानकारी नहीं है।

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इस पर जलकल के महाप्रबंधक विजय नारायण मौर्य ने कहा कि कानपुर से पानी छोड़ने की कोई जानकारी नहीं आई है। हम लोगों ने 189 फीट गंगा के जलस्तर को देखते हुए पानी छोड़ने के लिए पत्र भेजा था। बुधवार की शाम गंगा के जलस्तर में 10 सेमी का बढ़ाव हुआ है। यह पानी बारिश के चलते बढ़ा है। भेजे पत्र में जलकल ने कहा था कि 189 फीट एलार्मिंग की स्थिति मानी जाती है। 186 फीट पर गंगा का जलस्तर पहुंचने पर शहर की पेयजल आपूर्ति ठप होने का खतरा है।

गंगा बैराज अफसरों का दावा, 14 जून से छोड़ रहे पानी
गंगा बैराज के अफसरों ने कहा कि उनकी ओर से 14 जून से पानी छोड़ा जा रहा है। यही पानी 25 जून को बनारस पहुंचा है। 14 जून को 2218 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। इसी तरह 15 जून को 2192 क्यूसेक, 16 जून गंगा दशहरा को 2739 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। 17 जून को 1739, 18 जून को 1739, 19 जून को 1777 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। इसके बाद 22 जून को 1720 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। 23 जून को 1728 क्यूसेक, 24 जून को 1683, 25 को 1694 और 26 को 1706 क्यूसेक पानी छोड़ा गया।
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