वाराणसी जिले के चौबेपुर थाना क्षेत्र में गत जून महीने में गाजीपुर के युवक की हत्या में वांछित 25 हजार के इनामी रवि यादव ने सीजेएम कोर्ट में सरेंडर कर दिया। अदालत ने आरोपी को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया। रवि यादव मूल रूप से गाजीपुर के लीलापुर गांव का रहने वाला है।
यह है मामला
चौबेपुर थाना क्षेत्र के राजवारी (भंदहा कला) गांव में गोमती नदी के पास बबूल के जंगल में 11 जून की सुबह गाजीपुर के तिलेसड़ा गांव निवासी आलोक यादव का शव मिला था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट से पता लगा कि आलोक के सिर में गोली मारकर उसकी हत्या की गई थी। आलोक के भाई प्रदीप की तहरीर पर चौबेपुर थाने में गाजीपुर के तिलेसड़ा गांव के विजय यादव उर्फ विक्की, कल्यानपुर के रोहित यादव और लीलापुर के रवि यादव के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया था।
पुलिस के अनुसार रोहित की गर्लफ्रेंड से नजदीकी बढ़ाने के विवाद में आलोक की हत्या 10 जून की रात साथ शराब पीने के बाद की गई थी। रोहित और विजय पहले ही गिरफ्तार किए जा चुके हैं। पुलिस को सोमवार को पता लगा कि रवि यादव अपने घर आया था। चौबेपुर और गाजीपुर के करंडा व नंदगंज थाने की पुलिस ने उसके घर दबिश दी। इस संबंध में एसीपी सारनाथ डॉ. अतुल अंजान त्रिपाठी ने बताया कि पुलिस की बढ़ती सख्ती के चलते आरोपी ने अदालत में सरेंडर कर दिया है।
इसी हफ्ते दाखिल की जाएगी चार्जशीट
आलोक यादव की हत्या की चार्जशीट चौबेपुर थाने की पुलिस इसी हफ्ते दाखिल करेगी। एसीपी सारनाथ ने बताया कि आरोपियों के साथ ही आलोक के मोबाइल की आखिरी लोकेशन मिली थी। वह 10 जून को अपनी पत्नी और छोटे भाई को भी यही बता कर गया था कि रोहित, विजय और रवि के साथ जा रहा है। 11 जून की सुबह उसका शव मिला था। गवाहों के बयान, वारदात में प्रयुक्त असलहा और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य के साथ चार्जशीट तैयार करने का काम लगभग पूरा है।