बाल से भी पतली होती है बनारसी सेवईं
व्यापारियों का कहना है कि यहां की सेवईं की शुद्धता और बारीक बनावट ही इसकी सबसे बड़ी खासियत है, जिसके कारण दुबई, मस्कट और जकार्ता जैसे शहरों में बैठे प्रवासी भारतीय और स्थानीय लोग इसे बेहद पसंद करते हैं। इसकी एक और खासियत यह है कि अन्य सेवईयां मोटी होती हैं, लेकिन बनारसी सेवईं इंसान के बाल से भी पतली होती है।
विदेशों के अलावा यूपी, बिहार में जबरदस्त सप्लाई
सेवईं व्यापार मंडल के अध्यक्ष सच्चे लाल बताते हैं कि होली, रमजान और अन्य त्योहारों पर खाद्य पदार्थों में सेवईं की मांग अत्यधिक बढ़ जाती है। विदेशों के अलावा यूपी, बिहार, छत्तीसगढ़ और मुंबई में सप्लाई जाती है। इसके अलावा पूर्वांचल के चंदौली, गाजीपुर, मिर्जापुर, सोनभद्र और जौनपुर में इसकी जबरदस्त डिमांड रहती है। मुंबई सेवईं का सबसे बड़ा खरीददार है। यहां के व्यापारी बनारस से थोक भाव में सेवईं खरीदकर अन्य देशों में सप्लाई जाती है।
इन जायकेदार सेवईयों की अधिक डिमांड : किमामी, नवाबी, शीर खुरमा, लच्छा, सूखी मीठी, दूध वाली, फेनी।