अनिल ने पूल से अश्विनी को निकालने की कोशिश की, लेकिन 20 फीट गहराई होने के कारण वह सफल नहीं हो सके। उच्चाधिकारियों को जानकारी दी गई। पांच घंटे बाद एसडीआरएफ ने शव को बाहर निकाला। अश्विनी के पेट में पानी भर गया था और शव भी अकड़ा हुआ था।
पुलिस के अनुसार, अश्विनी के कंधे में कुछ दिनों से दर्द हो रहा था। डॉक्टर की सलाह पर ही अश्विनी तैरने जाते थे। अधिकारियों ने बताया कि डॉक्टरों के पैनल से शव का पोस्टमार्टम कराया गया है। वीडियोग्राफी भी कराई गई है। स्वीमिंग पूल में प्रशिक्षित लोगों को ही प्रवेश की अनुमति है।
खास बात ये है कि वहां कोई कैमरा भी नहीं लगा है। 35वीं बटालियन पीएसी के कमांडेंट अमित कुमार के मुताबिक, 10 दिन से अश्विनी आ रहे थे। मौत कैसे हुई यह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद स्पष्ट होगा। यदि परिजन जांच की मांग करते हैं तो सभी पहलुओं पर छानबीन की जाएगी।