वाराणसी के डीएम सुरेंद्र सिंह ने सभी नागरिकों से अपील की है कि स्वच्छ भारत मिशन के तहत जिले को साफ सुथरा बनाने में सहयोग करें। विभागों के साथ सफाई के लिए नैतिक दायित्व नागरिकों की भी है। कुछ लोग पान खाकर डिवाइडरों पर थूक देते हैं। इससे रंग रोगन किए हुए डिवाइडर खराब हो जाते हैं।
इससे बाहर से आने वाले पर्यटकों के सामने यहां की छवि धूमिल होती है। पान की दुकान लगाने वालों से अपील की गई है कि वे पान खाने वालों से आग्रह करें कि सार्वजनिक स्थानों पर न थूके। नियत स्थान पर ही थूके। इस प्रकार का पान लगाए ताकि पान खाकर थूकने की नौबत न आए। इसके साथ ही अपनी दुकानों पर लिखित सूचना चिपकाएं कि पान खाने के बाद उसे डस्टबिन में ही थूकें।
मालूम हो कि प्रवासी भारतीय सम्मेलन को लेकर बनारस में तैयारियां जोरों पर हैं। इसी क्रम में सड़क पर डिवाइडर और फुटपाथ की मरम्मत और रंगाई पुताई की जा रही है, लेकिन कुछ लोग पान चबाकर थूक देते हैं जिससे स्वच्छता अभियान को पलीता लग रहा है।
डीपीआरओ ने दी 26 ग्राम पंचायत सचिवों को प्रतिकूल प्रविष्टि
उधर, स्वच्छ भारत मिशन के तहत बेहतर काम नहीं करने वाले 26 पंचायत सचिवों को प्रतिकूल प्रविष्टि दी गई है। जिला पंचायत राज अधिकारी सास्वत आनंद के अनुसार नए शौचालयों के निर्माण का पैसा जारी किया था। इसके बाद भी इन पंचायत सचिवों की प्रगति शून्य थी। इसके बाद उन्होंने सभी 26 ग्राम पंचायत के सचिवों को प्रतिकूल प्रविष्टि दी।
इनमें आराजीलाइन के बभनियावं, कोरौती कनेरी, जलालपुर, खोचवां, अयोध्यापुर, गहरपुर, सेवापुरी के खालिसपुर, दौलतिया, गोसाईपुर, डोमैला, गजापुर, घोषिला, अमिनी, तेंदुई, हरहुआ के अहिरौली, भेलखां, भटपुरवांकला, चक्का, इंद्रवार, नकछेदपुर, बड़ागांव के फत्तेपुर, रसूलहां के ग्राम पंचायतों को प्रतिकूल प्रविष्टि दी गई।