आरटीई के तहत अब तक लागू नियम के अनुसार एक किलोमीटर की परिधि में विद्यालय चयन की व्यवस्था में प्रतिष्ठित विद्यालयों में प्रवेश की होड़ रहती थी। इसमें ऐसा भी होता था कि किसी विद्यालय में अधिक और किसी में बहुत कम आवेदन आते थे। प्रक्रिया में बदलाव के बाद अब किसी एक विद्यालय में आवेदन की अधिकता नहीं होगी।
पिछली बार 10409 सीटों में से 6539 बच्चों को ही मिला था प्रवेश
जिले में पिछले शैक्षणिक सत्र 2025-26 में जिले में 10409 सीटें आरटीई के तहत आरक्षित की गई थीं। इसमें महज 6539 नामांकन ही हुए थे। इस सत्र में पोर्टल देरी से खुले हैं। फरवरी के पहले सप्ताह में पोर्टल खुले हैं।
आरटीई के तहत प्रवेश का पिछले 10 वर्षों का आंकड़ा
| वित्तीय वर्ष |
प्रवेश की संख्या |
| 2015-16 |
81 |
| 2016-17 |
1709 |
| 2017-18 |
4333 |
| 2018-19 |
5537 |
| 2019-20 |
10424 |
| 2020-21 |
8522 |
| 2021-22 |
4795 |
| 2022-23 |
3930 |
| 2023-24 |
4452 |
| 2024-25 |
5552 |
| 2025-26 |
6539 |