पड़ोसी राज्यों में हिंसक घटनाओं को अंजाम देकर पुलिस की नींद हराम करने वाले नक्सली गणतंत्र दिवस के अवसर पर जिले के सीमावर्ती क्षेत्रों में काला झंडा फहराने की फिराक में हैं। खुफिया एजेंसियों से इसका इनपुट मिलते ही पुलिस महकमा अलर्ट हो गया है। सीमावर्ती इलाकों में सघन कांबिंग शुरू कर दी गई। जंगली एवं पहाड़ी क्षेत्रों में मुखबिरों का जाल बिछा दिया गया है। सादे लिबास में पुलिस की 120 टीमें अलग-अलग क्षेत्रों में भ्रमण कर संदिग्धों पर नजर रख रही हैं। सुरक्षा के मद्देनजर शनिवार की शाम छह बजे से चारों राज्यों की सीमाएं 36 घंटे के लिए सील कर दी गईं।
पड़ोसी राज्यों में नक्सलियों का आतंक जारी है। खुफिया एजेंसियों से जुड़े सूत्रों के अनुसार बीते 10 जनवरी को छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले के ग्राम पंचायत चेरपाल में नक्सलियों ने लेवी न देने पर ठेकेदारों के 14 वाहनों को फूंक दिया। आग लगाने से पहले नक्सलियों ने वाहनों की बैटरियों को निकाल लिया था।
गणतंत्र दिवस पर पड़ोसी राज्यों के नक्सली अपने प्रभाव वाले इलाकों में सुरक्षाबलों को निशाना बना सकते हैं। इसके अलावा नक्सली रेलवे संपत्ति ट्रैक, पुल/पुलिया, वन रेंज कार्यालय, बीएसएनएल टावर, पुलिस थाना/चौकी, सीआरपीएफ/पीएसी पोस्ट आदि को नुकसान पहुंचाने की कोशिश में जुटे हैं। खुुफिया विभाग के इस इनपुट को गंभीरता से लेते हुए जिले की सीमावर्ती इलाकों में पुलिस ने नक्सल विरोधी अभियान छेड़ दिया है। एसपी आशीष श्रीवास्तव ने सभी थाना प्रभारियों को अपने क्षेत्र के रेलवे लाइन समेत अन्य सार्वजनिक स्थानों की सुरक्षा को लेकर अलर्ट रहने का निर्देश दिया है।
पड़ोसी राज्यों में नक्सलियों द्वारा आगजनी समेत अन्य घटनाओं को दिए जा रहे अंजाम के दृष्टिगत सीमावर्ती इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है। बार्डरों पर तैनात जवानों को आने-जाने वाले वाहनों मेें सवार लोगों की तलाशी लेते हुए संदिग्धों को गिरफ्तार करने का निर्देश दिया गया है। जंगली और पहाड़ी रास्तों पर भी पैनी नजर रखी जा रही है, ताकि कोई नक्सली या अपराधी जिले में प्रवेश न करने पाए। Naxalites